बिलासपुर। बिलासपुर नगर निगम के वार्ड क्रमांक 29 के पार्षद उपचुनाव में कांग्रेस प्रत्याशी की नामांकन रैली में शामिल होने पहुंचे पूर्व मंत्री और विधायक उमेश पटेल ने केंद्र की मोदी सरकार पर जमकर निशाना साधा है। बिलासपुर कांग्रेस भवन में आयोजित एक पत्रकार वार्ता को संबोधित करते हुए उमेश पटेल ने कहा कि देश की जनता पहले से ही रिकॉर्ड तोड़ महंगाई, ईंधन संकट और बेरोजगारी की मार झेल रही है, ऐसे में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा जनता से की जा रही अपीलें उनके जख्मों पर नमक छिड़कने जैसी हैं।
उन्होंने तीखा तंज कसते हुए कहा कि देश के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू ने ‘आराम हराम है’ का नारा दिया था, लेकिन आज के प्रधानमंत्री संकट के समय लोगों को घर पर बैठने (वर्क फ्रॉम होम) और तेल-डीजल बचाने की नसीहत दे रहे हैं। उमेश पटेल ने किसानों का मुद्दा उठाते हुए आरोप लगाया कि देश में खाद की भारी किल्लत है; छत्तीसगढ़ को जहाँ 15 लाख मीट्रिक टन उर्वरक की जरूरत है, वहीं सहकारी समितियों तक महज 51 हजार मीट्रिक टन खाद ही पहुंच पाया है, और सरकार व्यवस्था सुधारने के बजाय किसानों से यूरिया कम इस्तेमाल करने को कह रही है।
महंगाई पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि पेट्रोल, डीजल और रसोई गैस के आसमान छूते दामों ने किचन का बजट बिगाड़ दिया है और आम आदमी की बचत खत्म हो चुकी है। उन्होंने पीएम मोदी की विदेश यात्राओं पर होने वाले करोड़ों के खर्च पर सवाल उठाए और दावा किया कि देश में कच्चे तेल का जो भी मौजूदा भंडारण है, वह यूपीए सरकार की देन है और आज का ईंधन संकट पूरी तरह केंद्र सरकार की लापरवाही का नतीजा है।
