नई दिल्ली। भारतीय रेलवे जल्द ही अपने करोड़ों यात्रियों को हाईटेक टिकट बुकिंग का नया अनुभव देने जा रहा है। रेलवे मंत्रालय ने घोषणा की है कि अगस्त 2026 से 40 साल पुराने पैसेंजर रिजर्वेशन सिस्टम (PRS) को पूरी तरह बदल दिया जाएगा। इसकी जगह एक आधुनिक और सुपरफास्ट सिस्टम लाया जाएगा, जो टिकट बुकिंग की प्रक्रिया को पहले से कई गुना तेज और आसान बना देगा। वर्तमान रिजर्वेशन सिस्टम साल 1986 में तैयार किया गया था, जो बढ़ती यात्रियों की संख्या और भारी ऑनलाइन ट्रैफिक के कारण अक्सर धीमा पड़ जाता है। नए सिस्टम की सबसे बड़ी खासियत इसकी तेज स्पीड होगी। जहां अभी एक मिनट में लगभग 32 हजार टिकट बुक हो पाते हैं, वहीं नया सिस्टम एक मिनट में 1.5 लाख से ज्यादा टिकट बुक करने में सक्षम होगा।
रेलवे के अनुसार नया प्लेटफॉर्म एक मिनट में 40 लाख से अधिक इंक्वायरी रिक्वेस्ट भी संभाल सकेगा। इससे तत्काल टिकट बुकिंग के दौरान वेबसाइट और ऐप के स्लो होने या हैंग होने जैसी समस्याओं से राहत मिलेगी। नई तकनीक में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का भी इस्तेमाल किया जाएगा। इससे यात्रियों को वेटिंग टिकट कन्फर्म होने की संभावना का अधिक सटीक अनुमान मिल सकेगा। इसके अलावा सुरक्षा बढ़ाने के लिए OTP आधारित टिकटिंग और वेरिफाइड यूजर सिस्टम को मजबूत किया जाएगा। रेलवे का दावा है कि, नया सिस्टम तेज, सुरक्षित और यात्रियों के लिए ज्यादा सुविधाजनक साबित होगा।
