रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजनीति में पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव की बढ़ती नजदीकियों को लेकर भाजपा ने कांग्रेस पर निशाना साधा है। दोनों नेताओं के लगातार साथ नजर आने और दौरों को लेकर मंत्री रामविचार नेताम और भाजपा विधायक पुरंदर मिश्रा ने तंज कसा है। मंत्री रामविचार नेताम ने व्यंग्य करते हुए कहा कि “बाबा को भेलपुरी खिला रहे हैं, नट-बोल्ट वाले कड़कनाथ भी खिलाएं।” उन्होंने कहा कि दिल मिले या न मिले, लेकिन आंखें जरूर मिल रही हैं। उन्होंने कहा कि कांग्रेस भूपेश बघेल को प्रदेश अध्यक्ष बनाए या राष्ट्रीय स्तर पर कोई जिम्मेदारी दे, यह पार्टी का अंदरूनी मामला है।
वहीं भाजपा विधायक पुरंदर मिश्रा ने भी कांग्रेस पर कटाक्ष किया। उन्होंने कहा कि वर्ष 2018 में “हनीमून की सरकार” बनी थी, लेकिन बाद में तलाक जैसी स्थिति आ गई। अब एक बार फिर दोनों नेता साथ नजर आ रहे हैं और “हनीमून मना रहे हैं।” इसी दौरान रामविचार नेताम ने यूनिफॉर्म सिविल कोड (UCC) को लेकर भी कांग्रेस पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि कांग्रेस के पास अब कोई मुद्दा नहीं बचा है, इसलिए UCC को लेकर भ्रम फैलाने का काम किया जा रहा है। नेताम ने कहा कि UCC से आदिवासी, एसटी-एससी वर्ग के आरक्षण और अधिकारों पर कोई असर नहीं पड़ेगा। उन्होंने आरोप लगाया कि राजनीतिक लाभ लेने के लिए लोगों को गुमराह किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सभी वर्गों के अधिकार पूरी तरह सुरक्षित रहेंगे।
विपक्षी विधायकों के क्षेत्रों में विकास कार्यों के लिए राशि नहीं मिलने के कांग्रेस के आरोपों पर भी नेताम ने पलटवार किया। उन्होंने कहा कि कांग्रेस अपने शासनकाल का व्यवहार भूल गई है। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्ष 2002-03 के दौरान विधायक निधि तक समाप्त कर दी गई थी और विपक्षी विधायकों के साथ उचित व्यवहार नहीं किया गया। रामविचार नेताम ने कहा कि कांग्रेस सरकार के पिछले पांच वर्षों के कार्यकाल में भाजपा विधायकों को भी पर्याप्त सुविधाएं नहीं मिलीं, जबकि वर्तमान भाजपा सरकार पक्ष और विपक्ष के सभी विधायकों को योजनाओं का समान लाभ दे रही है। उन्होंने कांग्रेस के आरोपों को तथ्यहीन और बेबुनियाद बताया।
