बलरामपुर में 13 साल से फरार चल रहे नक्सली मुन्ना कोरवा को झारखंड से गिरफ्तार कर पुलिस ने बड़ी सफलता हासिल की है। मुन्ना पर बंधक बनाकर मारपीट और हत्या के इरादे से गोली चलाने का आरोप है। 2012 से वह जंगल में छिपकर पुलिस की पकड़ से बच रहा था। जानकारी के अनुसार, नक्सलियों ने लातेहार निवासी लखू यादव को ग्राम पुन्दाग में बंधक बनाया और मारपीट की। नक्सली दस्ता के सदस्य इकबाल यादव के निर्देश पर लखू को गोली मारने का प्रयास किया गया, लेकिन वह सुरक्षित बचकर भाग निकला। इस मामले में सामरीपीठ में रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। आरोपियों के खिलाफ भारतीय दंड संहिता की धाराओं 147, 148, 149, 342, 395, 307, 120बी और आर्म्स एक्ट के तहत मामला दर्ज किया गया था। जांच के दौरान सभी आरोपी फरार हो गए और न्यायालय ने उनके खिलाफ स्थायी वारंट जारी किया। मुखबीर से मिली जानकारी के आधार पर पता चला कि मुन्ना कोरवा झारखंड के तेहड़ी (भण्डरिया) में छिपा हुआ है। इसके बाद पुलिस की विशेष टीम ने वहां दबिश देकर उसे गिरफ्तार किया और सामरीपाठ लाकर कोर्ट में पेश किया।
13 साल से फरार कुख्यात नक्सली मुन्ना आखिरकार गिरफ्तार।
