बालोद। जिला प्रशासन के ‘जल संचय-जनभागीदारी 2.0’ और ‘कैच द रैन 2026’ अभियान के तहत शनिवार को जिलेभर में जल संरक्षण को लेकर व्यापक जनजागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान बालोद, गुरुर, गुंडरदेही, डौंडीलोहारा और डौंडी विकासखंड के 1,048 विद्यालयों में एक साथ पत्र लेखन गतिविधि आयोजित की गई।अभियान के तहत करीब 29,367 विद्यार्थियों ने अपने पालकों, मित्रों और आम नागरिकों के नाम पत्र लिखकर जल संरक्षण, जल के सदुपयोग और पुनः उपयोग का संदेश दिया। विद्यार्थियों ने लोगों से वर्षा जल के संरक्षण और भविष्य की पीढ़ियों के लिए जल बचाने का संकल्प लेने की अपील की।
इस जनभागीदारी अभियान में विद्यार्थियों के साथ 2,105 शिक्षक, 1,471 पालक, 1,053 शाला प्रबंधन समिति के सदस्य, 1,351 जनप्रतिनिधि और 2,150 आम नागरिकों ने भी सक्रिय भागीदारी निभाई। इस तरह कुल 37,497 लोग इस पहल से जुड़े। जिला प्रशासन ने बताया कि अभियान का उद्देश्य वर्षा जल को व्यर्थ बहने से रोककर उसका अधिकतम संचयन करना और जल संरक्षण को जन आंदोलन का स्वरूप देना है। कार्यक्रम के दौरान सभी प्रतिभागियों ने ‘जहां वर्षा हो, जब वर्षा हो—वहीं जल संचयन’ के संदेश को अपनाते हुए जल संकट से निपटने के लिए सामूहिक प्रयास करने का संकल्प लिया।
