जगदलपुर। छत्तीसगढ़ में बढ़ते बिजली बिल और लगातार हो रही बिजली कटौती को लेकर राजनीतिक माहौल गरमा गया है। पूर्व विधायक रेखचंद जैन ने राज्य सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि, बढ़ी हुई बिजली दरों ने आम लोगों की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। उनका आरोप है कि पहले जहां उपभोक्ताओं को एक से दो हजार रुपये तक के बिल मिलते थे, वहीं अब कई परिवारों को चार से पांच हजार रुपये तक के बिजली बिल थमाए जा रहे हैं।
जैन ने कहा कि छत्तीसगढ़ ऊर्जा उत्पादन के मामले में समृद्ध राज्य है, फिर भी जनता को महंगी बिजली और बार-बार कटौती का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने दावा किया कि, प्लान मेंटेनेंस के नाम पर घंटों बिजली बंद रहने से घरेलू उद्योग-धंधों और छोटे कारोबारियों को भारी नुकसान हो रहा है।
स्मार्ट मीटर योजना पर भी सवाल उठाते हुए उन्होंने कहा कि, यह व्यवस्था लोगों की परेशानी कम करने के बजाय बढ़ा रही है। उनके अनुसार उपभोक्ताओं में स्मार्ट मीटर को लेकर भ्रम और असंतोष लगातार बढ़ रहा है। कांग्रेस ने सरकार से बिजली दरों में बढ़ोतरी और स्मार्ट मीटर से जुड़े मुद्दों पर स्पष्ट जवाब देने की मांग की है। वहीं, आम उपभोक्ताओं को राहत देने के लिए प्रभावी कदम उठाने की भी अपील की गई है
