5 लाख की सुपारी कांड का फरार तीसरा शिकारी गिरफ्तार बिलासपुर छत्तीसगढ़

Follow Us

बिलासपुर। रेलवे अस्पताल के पास मॉर्निंग वॉक पर निकले व्यक्ति पर जानलेवा हमला करने के बहुचर्चित मामले में तारबाहर पुलिस ने फरार चल रहे तीसरे आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि वारदात कथित तौर पर पांच-पांच लाख रुपये देने के लालच में कराई गई थी। आरोपी की निशानदेही पर घटना में इस्तेमाल डंडा बरामद किया गया। इससे पहले एक आरोपी और एक विधि से संघर्षरत बालक को पकड़ा जा चुका है।

चार जुलाई की सुबह करीब 6.45 बजे श्याम कश्यप रेलवे अस्पताल के पास टहल रहे थे। इसी दौरान मुंह ढंके तीन हमलावर पहुंचे और गाली-गलौज करते हुए डंडे तथा नुकीले हथियार से हमला कर फरार हो गए। पीड़ित के पुत्र शिशिर कश्यप की शिकायत पर तारबाहर थाने में अपराध दर्ज किया गया। विवेचना के दौरान सामने आया कि गौरेला-पेंड्रा निवासी दीपक तिवारी ने बिलासपुर के एक व्यक्ति की हत्या कराने के लिए आरोपियों को पांच-पांच लाख रुपये देने का लालच दिया था, जिसके बाद पूरी साजिश रची गई।

पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी साक्ष्यों की मदद से घटना में प्रयुक्त मोटरसाइकिल की पहचान की। पूछताछ में पहले गिरफ्तार आरोपियों से मिले सुराग के आधार पर फरार आरोपी की लगातार तलाश की गई। मुखबिर की सूचना पर गौरेला स्थित उसके घर में दबिश देकर उसे हिरासत में लिया गया। पूछताछ में उसने वारदात में शामिल होने की बात स्वीकार की। उसके कब्जे से हमले में प्रयुक्त डंडा जब्त किया गया। पूरी कार्रवाई वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक रजनेश सिंह के निर्देशन तथा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पंकज कुमार पटेल, नगर पुलिस अधीक्षक गगन कुमार, थाना प्रभारी रविशंकर तिवारी और साइबर टीम की संयुक्त निगरानी में की गई।

गिरफ्तार आरोपी की पहचान आंचल साहिल उर्फ साहिल सोनकर (23 वर्ष), निवासी समता नगर, गौरेला, जिला जीपीएम के रूप में हुई है। मामले में पहले नितिन टेकाम और एक विधि से संघर्षरत बालक को गिरफ्तार किया जा चुका है, गिरफ्तार आरोपी को न्यायालय में पेश कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया।

फिलहाल, पुलिस पूरे षड्यंत्र की कड़ियां जोड़ने में जुटी है और साजिश में शामिल अन्य लोगों की भूमिका भी खंगाली जा रही है। जांच आगे बढ़ने के साथ इस सनसनीखेज हमले में और महत्वपूर्ण खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।