नवरात्रि के दौरान कई लोग नौ दिनों तक व्रत रखते हैं। व्रत में खानपान और दिनचर्या में बदलाव के कारण शरीर को मिलने वाली ऊर्जा सामान्य दिनों की तुलना में कम हो सकती है। ऐसे में रोजाना योग या एक्सरसाइज करने वालों के मन में सवाल रहता है कि व्रत के दौरान वर्कआउट करना सही है या नहीं।विशेषज्ञों के अनुसार, व्रत के दौरान योग पूरी तरह बंद करना जरूरी नहीं है, लेकिन एक्सरसाइज की तीव्रता शरीर की ऊर्जा और क्षमता के अनुसार रखनी चाहिए। अगर आपको कमजोरी, थकान, चक्कर या असहजता महसूस हो रही है, तो योग करने के बजाय आराम करना बेहतर है।
व्रत में योग कर सकते हैं?
0 अगर आप नियमित रूप से योग करते हैं और व्रत के दौरान भी शरीर सामान्य महसूस कर रहा है, तो हल्के योगासन किए जा सकते हैं। हालांकि, सामान्य दिनों की तरह कठिन योगासन, लंबे समय तक अभ्यास या बहुत ज्यादा मेहनत करने से बचना चाहिए।
0 व्रत के दौरान शरीर में ऊर्जा की कमी हो सकती है। इसलिए योग की तीव्रता कम रखें और अभ्यास के दौरान शरीर के संकेतों पर ध्यान दें।
कौन से योगासन कर सकते हैं?
० व्रत के दौरान हल्के और आराम देने वाले योगासन बेहतर विकल्प हो सकते हैं। जैसे:
० बालासन: शरीर को आराम देने और तनाव कम करने में मदद कर सकता है।
० वज्रासन: इसे भोजन के बाद भी कुछ समय किया जा सकता है, लेकिन व्रत के नियम और अपनी शारीरिक स्थिति का ध्यान रखें।
० मार्जरी आसन: शरीर को हल्का स्ट्रेच देने के लिए किया जा सकता है।
० शवासन: योग के बाद शरीर और दिमाग को आराम देने के लिए उपयोगी है।
० अनुलोम-विलोम: अगर इसे करने में कोई परेशानी नहीं होती, तो धीमी और सहज गति से किया जा सकता है।
० योग की शुरुआत कुछ मिनट हल्की स्ट्रेचिंग और गहरी सांस लेने की एक्सरसाइज से भी की जा सकती है।
किन एक्सरसाइज से बचना चाहिए?
0 नवरात्रि के व्रत के दौरान हाई-इंटेंसिटी वर्कआउट, लंबे समय तक कार्डियो, बहुत ज्यादा पसीना निकालने वाली एक्सरसाइज और शरीर पर अत्यधिक दबाव डालने वाले अभ्यास से बचना बेहतर है।
0 अगर आपने लंबे समय से एक्सरसाइज नहीं की है या व्रत के कारण आपकी डाइट काफी सीमित है, तो अचानक कठिन वर्कआउट शुरू न करें।
हाइड्रेशन का रखें खास ध्यान
0 अगर आपके व्रत में पानी पीने की अनुमति है, तो दिनभर पर्याप्त मात्रा में पानी लेते रहें। नारियल पानी, नींबू पानी या अन्य उपयुक्त तरल पदार्थ भी लिए जा सकते हैं, बशर्ते वे आपके व्रत के नियमों के अनुकूल हों।
0 पानी की कमी होने पर कमजोरी, सिरदर्द, चक्कर या थकान महसूस हो सकती है। ऐसे लक्षणों के बावजूद योग या एक्सरसाइज करना नुकसानदायक हो सकता है।
शरीर के संकेतों को नजरअंदाज न करें
0 व्रत में हर व्यक्ति का अनुभव अलग हो सकता है। अगर योग करते समय चक्कर आए, अत्यधिक कमजोरी महसूस हो, सांस लेने में परेशानी हो, दिल की धड़कन असामान्य रूप से तेज लगे या आंखों के सामने अंधेरा छाने लगे, तो तुरंत व्यायाम रोक दें और आराम करें।
0 ऐसी स्थिति में खुद पर फिटनेस का दबाव बनाने के बजाय शरीर को आराम देना ज्यादा जरूरी है।
योग के लिए सही समय चुनें
0 व्रत में योग करने के लिए ऐसा समय चुनें जब शरीर में पर्याप्त ऊर्जा महसूस हो। बहुत लंबे समय तक खाली पेट रहने के बाद कठिन योग करने से बचें।
0 अगर आपका व्रत फलाहार या हल्के भोजन की अनुमति देता है, तो अपनी दिनचर्या और शरीर की क्षमता के अनुसार योग का समय तय कर सकते हैं।
व्रत में फिटनेस से ज्यादा जरूरी है सेहत
0 नवरात्रि के नौ दिनों में योग करने का उद्देश्य शरीर को थकाना नहीं, बल्कि उसे सक्रिय और मन को शांत रखना होना चाहिए। अगर किसी दिन कमजोरी या थकान ज्यादा महसूस हो रही है, तो योग छोड़कर आराम करना बिल्कुल ठीक है।
0 अगर आपको डायबिटीज, लो ब्लड प्रेशर या कोई पुरानी बीमारी है, आप गर्भवती हैं या नियमित दवाएं लेते हैं, तो लंबे व्रत और एक्सरसाइज के बारे में डॉक्टर से सलाह लेना बेहतर है।
0 कुल मिलाकर, व्रत के दौरान योग किया जा सकता है, लेकिन इसे अपनी सामान्य वर्कआउट रूटीन की तरह नहीं करना चाहिए। हल्के योगासन, प्राणायाम, स्ट्रेचिंग, पर्याप्त आराम और हाइड्रेशन पर ध्यान दें। व्रत के दौरान फिटनेस से ज्यादा जरूरी है शरीर की ऊर्जा और उसके संकेतों को समझना।
