नई दिल्ली। भारतीय पुरुष हॉकी टीम के कप्तान हरमनप्रीत सिंह ने एफआईएच हॉकी वर्ल्ड कप को टीम के लिए बेहद अहम बताते हुए खिताब जीतने का भरोसा जताया है। उन्होंने कहा कि, टीम का एकमात्र लक्ष्य अपना सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करते हुए पदक जीतना और ट्रॉफी को घर लाना है। हरमनप्रीत ने कहा कि, भारत टूर्नामेंट में अंडरडॉग के तौर पर शुरुआत करेगा, लेकिन यह टीम के लिए बिना अतिरिक्त दबाव के अपनी क्षमता दिखाने का अच्छा मौका हो सकता है। टोक्यो और पेरिस ओलंपिक में लगातार पदक जीतने से टीम का आत्मविश्वास भी बढ़ा है।
डेट फंड्स क्या हैं और इनमें कैसे करें निवेश? जानिए फायदे और जोखिम
कप्तान के मुताबिक भारत की सबसे बड़ी ताकत उसका अनुशासित डिफेंस है। टीम ने फुल प्रेस, हाफ-कोर्ट प्रेस और लो प्रेस जैसी रणनीतियों पर जमकर अभ्यास किया है। खिलाड़ियों ने अलग-अलग परिस्थितियों में अपनी जिम्मेदारियों को भी बेहतर तरीके से समझा है। उन्होंने कहा कि, टीम के सभी खिलाड़ी एक-दूसरे पर भरोसा करते हैं और व्यक्तिगत प्रदर्शन से ज्यादा टीम की जीत मायने रखती है। भारत ने 1975 के बाद पुरुष हॉकी वर्ल्ड कप नहीं जीता है। ऐसे में मौजूदा टीम 51 साल के इस इंतजार को खत्म करने के इरादे से मैदान में उतरेगी।
सोने की कीमतों में हल्की गिरावट: चांदी के दाम में कमी करीब 3 हजार रुपए
