बलरामपुर। जिले की कुसमी और वाड्रफनगर स्थित सरकारी विदेशी शराब दुकानों में 17 लाख 23 हजार के गबन का मामला सामने आया है। मई और जून माह में हुए ऑडिट के दौरान वित्तीय अनियमितता उजागर होने के बाद आबकारी विभाग ने दोनों दुकानों के सुपरवाइजरों के खिलाफ संबंधित थानों में एफआईआर दर्ज कराई है।
आबकारी विभाग के अनुसार, जांच में कुसमी शराब दुकान में 9.64 लाख और वाड्रफनगर शराब दुकान में 7.59 लाख की राशि के गबन का खुलासा हुआ है। ऑडिट रिपोर्ट के आधार पर दोनों दुकानों के सुपरवाइजरों को अनियमितताओं के लिए जिम्मेदार माना गया, जिसके बाद उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू की गई।
जिला आबकारी अधिकारी शशांक शर्मा ने बताया कि गबन की गई राशि की वसूली संबंधित प्लेसमेंट एजेंसी से कराई जाएगी। उन्होंने बताया कि जिले की सरकारी शराब दुकानों में प्लेसमेंट एजेंसी के माध्यम से कर्मचारियों की नियुक्ति की गई है।
वर्तमान में मुंबई की टीम एचआर नामक एजेंसी जिले की सरकारी शराब दुकानों के लिए कर्मचारियों की व्यवस्था कर रही है। फिलहाल दोनों आरोपी सुपरवाइजर पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं, जिनकी तलाश जारी है।
