नारायणपुर। आईटीबीपी की 53वीं वाहिनी के जवानों ने एक बार फिर मानवता और कर्तव्यनिष्ठा की मिसाल पेश करते हुए दुर्गम इलाके में फंसी गर्भवती महिला की जान बचाई। बेनूर क्षेत्र के अति-संवेदनशील गांव धुरबेड़ा की 22 वर्षीय गर्भवती सुधी मंडावी को अचानक प्रसव पीड़ा शुरू होने पर आईटीबीपी और पुलिस की संयुक्त टीम ने समय रहते सुरक्षित अस्पताल पहुंचाया।
जानकारी के अनुसार, लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के कारण गांव तक जाने वाले रास्ते कीचड़ से भर गए थे और उफनते नालों के चलते एंबुलेंस का पहुंचना संभव नहीं था। सूचना मिलते ही सेनानी संजय कुमार के मार्गदर्शन में कोडेनार और अडिंगपार से आईटीबीपी एवं पुलिस की टीमें तत्काल रवाना हुईं।
जवानों ने घने जंगलों, दुर्गम रास्तों और उफनते नालों को पार करते हुए गांव पहुंचकर गर्भवती महिला को स्ट्रेचर पर लिटाया और कई किलोमीटर पैदल चलकर मुख्य सड़क तक लाए। इसके बाद फील्ड अस्पताल कुतुल की मदद से महिला को सुरक्षित अस्पताल पहुंचाया गया।
आईटीबीपी जवानों की इस त्वरित और मानवीय कार्रवाई की ग्रामीणों ने सराहना करते हुए उन्हें संकट की घड़ी में सच्चा साथी बताया।
