रायपुर। भाजपा-कांग्रेस विवाद को लेकर खम्हारडीह थाने के बाहर कांग्रेस का करीब 18 घंटे तक चला अनिश्चितकालीन धरना पुलिस के लिखित आश्वासन के बाद समाप्त हो गया। कांग्रेस नेताओं और कार्यकर्ताओं पर दर्ज एफआईआर के विरोध में यह प्रदर्शन किया जा रहा था।पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने इस मामले को लेकर भाजपा पर हमला बोलते हुए कहा कि कांग्रेस कार्यालय के घेराव और प्रदर्शन में भाजपा नेता व कार्यकर्ता शामिल थे, लेकिन कार्रवाई कांग्रेस नेताओं पर की गई। उन्होंने कहा कि प्रदेश अध्यक्ष के धरने के बाद ही भाजपा कार्यकर्ताओं पर भी एफआईआर दर्ज करने का आश्वासन मिला है।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के बयान पर पलटवार करते हुए बघेल ने कहा कि सरकार को छत्तीसगढ़ की कानून व्यवस्था पर ध्यान देना चाहिए। उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री अपनी जिम्मेदारियों का सही तरीके से पालन नहीं कर रहे हैं। NEET पेपर लीक मामले पर भी बघेल ने सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि छात्रों की मांगों को दबाने के बजाय उनकी समस्याओं का समाधान किया जाना चाहिए। कांग्रेस ने शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे, प्रभावित छात्रों को मुआवजा और लाठीचार्ज करने वालों पर कार्रवाई की मांग दोहराई।
