सुकमा। छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र के सीमावर्ती नक्सल प्रभावित इलाकों में सुरक्षाबलों को एक बार फिर बड़ी कामयाबी हाथ लगी है। सुकमा के पास गढ़चिरौली क्षेत्र में चलाए गए एक विशेष माओवाद विरोधी अभियान के तहत पुलिस ने जमीन के नीचे छिपाए गए नक्सलियों के एक बड़े डंप का पर्दाफाश किया है। इस डंप से हथियार बनाने में इस्तेमाल होने वाली भारी मात्रा में आधुनिक सामग्री और मशीनें बरामद की गई हैं, जिन्हें सुरक्षाबलों ने मौके पर ही पूरी तरह नष्ट कर दिया है।

दरअसल, पुलिस प्रशासन को हाल ही में आत्मसमर्पण करने वाले माओवादियों से कुछ बेहद गोपनीय इनपुट मिले थे। इस खुफिया जानकारी के आधार पर पुलिस और बम डिटेक्शन एंड डिस्पोजल स्क्वाड (BDDS) की संयुक्त टीम ने पोमके-बिनागुंडा के घने जंगलों में एक सर्च ऑपरेशन शुरू किया। तलाशी के दौरान जवानों को जमीन के अंदर छुपाकर रखा गया नक्सलियों का ठिकाना मिला।

इस डंप से सुरक्षाबलों ने लेथ मशीन, बीजीएल पाइप, 12 बोर पाइप, इन्वर्टर, जनरेटर, बड़ी बैटरियां, ग्राइंडिंग और ड्रिलिंग मशीनें, जिग सॉ मशीन, प्रेशर पंप, सोलर पैनल और लगभग 20 फीट लंबा फुटबॉल पाइप बरामद किया। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, नक्सली इन सभी उपकरणों का इस्तेमाल देसी हथियार, आईईडी (IED) और बैरल ग्रेनेड लॉन्चर बनाने के लिए करने वाले थे, ताकि सुरक्षाबलों पर बड़ा हमला किया जा सके। पुलिस अधीक्षक एम. रमेश के मार्गदर्शन में की गई इस त्वरित कार्रवाई ने नक्सलियों के मंसूबों पर पानी फेर दिया है और इलाके में सर्च ऑपरेशन अब भी जारी है।

