नई दिल्ली। घरेलू शेयर बाजार में मंगलवार (30 जून) की शुरुआत कमजोरी के साथ हुई। शुरुआती कारोबार में सेंसेक्स करीब 100 अंकों की गिरावट के साथ 76,650 के आसपास कारोबार करता दिखा, जबकि निफ्टी 50 अंकों से अधिक फिसलकर 23,900 के स्तर पर पहुंच गया। बाजार में सबसे ज्यादा दबाव आईटी और ऑटो सेक्टर के शेयरों पर देखने को मिला, जहां निवेशकों ने जमकर मुनाफावसूली की।
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, विदेशी निवेशकों की लगातार बिकवाली और वैश्विक बाजारों से मिले मिश्रित संकेतों का असर भारतीय शेयर बाजार पर साफ दिखाई दे रहा है। आईटी और ऑटो कंपनियों के शेयरों में गिरावट के कारण प्रमुख सूचकांक पूरे समय दबाव में बने रहे। एशियाई बाजारों की बात करें तो जापान और दक्षिण कोरिया के बाजारों में बढ़त दर्ज की गई, जबकि हांगकांग का बाजार कमजोरी के साथ कारोबार करता नजर आया। वहीं, अमेरिकी शेयर बाजार सोमवार को मजबूती के साथ बंद हुए, जिससे वैश्विक निवेशकों का रुख मिला-जुला बना हुआ है।
विदेशी संस्थागत निवेशकों (FII) ने एक बार फिर भारतीय बाजार से बड़ी निकासी की है। ताजा आंकड़ों के मुताबिक उन्होंने करीब 1,350 करोड़ रुपये के शेयर बेचे, जबकि घरेलू संस्थागत निवेशकों (DII) ने 2,802 करोड़ रुपये की खरीदारी कर बाजार को कुछ सहारा दिया। गौरतलब है कि, इससे पहले सोमवार को भी सेंसेक्स और निफ्टी गिरावट के साथ बंद हुए थे। लगातार दूसरे कारोबारी दिन आई कमजोरी के बाद अब निवेशकों की नजर विदेशी निवेशकों की गतिविधियों, वैश्विक संकेतों और आने वाले आर्थिक आंकड़ों पर टिकी हुई है।
