नई दिल्ली। संसद का मानसून सत्र सोमवार से शुरू होने जा रहा है, जिसे लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। सत्र से पहले रविवार को लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की अध्यक्षता में बिजनेस एडवाइजरी कमेटी (BAC) की बैठक हुई, जिसमें आगामी विधायी कार्यों का खाका तैयार किया गया। बैठक में तय हुआ कि, इस सत्र के दौरान छह अहम विधेयक पेश किए जाएंगे और उन पर चर्चा के लिए समय का भी निर्धारण किया गया। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला ने सभी राजनीतिक दलों से सदन को सुचारु रूप से चलाने और जनहित के मुद्दों पर सकारात्मक चर्चा करने की अपील की। उन्होंने सभी दलों के प्रतिनिधियों से उन विषयों पर सुझाव भी मांगे, जिन्हें वे सदन की कार्यसूची में शामिल कराना चाहते हैं।
वहीं, मानसून सत्र के पहले दिन ही सरकार और विपक्ष के बीच तीखी बहस के संकेत मिल रहे हैं। विपक्ष राम मंदिर चढ़ावा चोरी, नीट पेपर लीक, सोनम वांगचुक समेत कई मुद्दों पर सरकार को घेरने की तैयारी में है। दूसरी ओर, सरकार राज्यसभा में वंदे मातरम् विधेयक पेश करने की तैयारी कर रही है, जिसका विपक्ष विरोध कर सकता है। सत्र की शुरुआत से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भी मीडिया को संबोधित कर संसद की गरिमा बनाए रखने और सभी दलों से रचनात्मक सहयोग की अपील कर सकते हैं। ऐसे में यह मानसून सत्र राजनीतिक रूप से काफी अहम और चर्चा का केंद्र रहने की संभावना है।
