नई दिल्ली। देश की सुरक्षा के लिए सर्वोच्च बलिदान देने वाले वीर जवानों के सम्मान में केंद्र सरकार ने एक ऐतिहासिक कदम उठाया है। सरकार ने गोपनीय माने जाने वाले ‘ऑपरेशन सिंदूर’ के दौरान शहीद हुए भारतीय सशस्त्र बलों के छह जवानों के नाम पहली बार आधिकारिक रूप से सार्वजनिक कर दिए हैं।भौगोलिक संदर्भ इन शहीदों के नाम अब नई दिल्ली स्थित नेशनल वॉर मेमोरियल (राष्ट्रीय समर स्मारक) की प्रतिष्ठित ‘वॉल थ्री-डी’ और ‘रोल ऑफ ऑनर’ में स्वर्ण अक्षरों में अंकित किए गए हैं। इस कदम को शहीदों के प्रति राष्ट्र की कृतज्ञता और सम्मान के रूप में देखा जा रहा है।
जानकारी के अनुसार,
‘ऑपरेशन सिंदूर’ पिछले वर्ष मई में पहलगाम में हुए आतंकी हमले के बाद शुरू किया गया था। इस हमले में 26 नागरिकों की मौत हुई थी, जिनमें अधिकतर पर्यटक शामिल थे। इसके जवाब में भारतीय सशस्त्र बलों ने पाकिस्तान और पाकिस्तान अधिकृत कश्मीर में आतंकियों के ठिकानों पर सटीक हमले किए थे।
रक्षा सूत्रों के मुताबिक, यह एक संयुक्त सैन्य अभियान था जिसमें थल सेना और वायुसेना ने मिलकर महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। इस ऑपरेशन के तहत जैश-ए-मोहम्मद और लश्कर-ए-तैयबा से जुड़े आतंकी ढांचों को निशाना बनाया गया।ऑपरेशन 7 मई 2025 को शुरू हुआ था और 10 मई को दोनों देशों के डीजीएमओ स्तर की बातचीत के बाद सैन्य कार्रवाई रोकने पर सहमति बनी थी।
सरकार के इस फैसले के बाद रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि शहीदों के नाम सार्वजनिक होने से न केवल उनके परिवारों को सम्मान मिला है, बल्कि देश के युवाओं को भी उनके बलिदान और साहस की वास्तविक कहानी जानने का अवसर मिलेगा।नेशनल वॉर मेमोरियल में इन वीरों के नाम शामिल किए जाने के साथ ही देशभर से नागरिक उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित कर रहे हैं और उनकी शहादत को नमन कर रहे हैं।
