रायपुर। राजधानी रायपुर में नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत थाना पुरानी बस्ती के एनडीपीएस एक्ट प्रकरण में एक महिला आरोपी को न्यायालय ने दोषी करार देते हुए सजा सुनाई है। यह कार्रवाई पुलिस उपायुक्त (पश्चिम) के निर्देशन में नशे के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान और फास्ट ट्रायल प्रक्रिया के तहत की गई। पुलिस के अनुसार थाना पुरानी बस्ती में अपराध क्रमांक 17/2026 के तहत धारा 20(बी) एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत मामला दर्ज किया गया था। इस प्रकरण में आरोपी महिला हिना परवीन उर्फ छोटी, पति वसीम खान, निवासी मुस्लिम मोहल्ला, बंदवापारा, थाना पुरानी बस्ती, रायपुर के खिलाफ मादक पदार्थों के अवैध कारोबार से जुड़ी कार्रवाई की गई थी।
मामले की जांच पूरी होने के बाद पुलिस ने अभियोग पत्र माननीय न्यायालय में प्रस्तुत किया था। सुनवाई के दौरान साक्ष्यों और विवेचना के आधार पर विशेष न्यायाधीश (एनडीपीएस एक्ट) किरण थवाईत की अदालत ने आरोपी को दोषसिद्ध पाया। न्यायालय ने अपने निर्णय में आरोपी को सजा सुनाते हुए 09.01.2026 से 24.06.2026 तक की अवधि के लिए सश्रम कारावास और 30,000 रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है। अदालत ने यह भी स्पष्ट किया है कि यदि अर्थदंड की राशि जमा नहीं की जाती है तो अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा। इस फैसले के बाद पुलिस विभाग ने इसे नशे के खिलाफ चल रही कार्रवाई में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि बताया है।
अधिकारियों का कहना है कि रायपुर पुलिस द्वारा मादक पदार्थों के अवैध कारोबार के खिलाफ लगातार सख्त कदम उठाए जा रहे हैं और आगे भी यह अभियान जारी रहेगा। पुलिस उपायुक्त पश्चिम ने बताया कि नशे के मामलों में तेजी से न्याय सुनिश्चित करने के लिए विशेष अभियान चलाया जा रहा है, जिससे अपराधियों पर सख्त प्रभाव पड़े और समाज में नशे के खिलाफ संदेश जाए। स्थानीय पुलिस ने बताया कि इस मामले में ठोस साक्ष्य और मजबूत विवेचना के आधार पर कोर्ट में आरोप सिद्ध हुए, जिसके चलते आरोपी को सजा मिली। यह फैसला नशे के कारोबार में शामिल लोगों के लिए एक चेतावनी के रूप में देखा जा रहा है। रायपुर पुलिस ने यह भी कहा है कि मादक पदार्थों के खिलाफ अभियान आगे भी तेज किया जाएगा और किसी भी स्तर पर अवैध गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
