रायपुर। राजधानी रायपुर में आज सियासी पारा चढ़ा हुआ है। महिला आरक्षण बिल (नारी शक्ति वंदन अधिनियम) को लेकर छिड़ी बहस के बीच बीजेपी महिला मोर्चा ने राजधानी की सड़कों पर उतरकर ‘जन आक्रोश पदयात्रा’ के जरिए अपनी ताकत दिखाई। यह प्रदर्शन विशेष रूप से संसद में महिला आरक्षण बिल के राह में आ रही बाधाओं और कांग्रेस के रुख के खिलाफ आयोजित किया गया है। यात्रा की भव्यता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि, इसमें मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, प्रदेश अध्यक्ष किरण देव, और डिप्टी सीएम अरुण साव जैसे दिग्गज नेता शामिल हुए। बलबीर जुनेजा इंडोर स्टेडियम से शुरू हुई यह पदयात्रा जयस्तंभ चौक होते हुए सुभाष स्टेडियम तक पहुंची, जहां एक विशाल जनसभा में तब्दील हो गई।
इस दौरान कैबिनेट मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े और सांसद रूपकुमारी चौधरी समेत कई महिला नेत्रियां कांग्रेस पर हमलावर नजर आईं। बीजेपी का आरोप है कि, विपक्ष जानबूझकर महिलाओं के अधिकारों की राह में रोड़े अटका रहा है। प्रदर्शन के कारण आज सोमवार को रायपुर की यातायात व्यवस्था पूरी तरह चरमरा गई है। दोपहर 12 बजे से शुरू हुआ यह जाम शाम 6 बजे तक रहने के आसार हैं, जिसे देखते हुए ट्रैफिक पुलिस ने पहले ही एडवाइजरी जारी कर दी थी। शहर के मुख्य मार्गों के ब्लॉक होने से आम जनता को वैकल्पिक रास्तों का सहारा लेना पड़ रहा है। छत्तीसगढ़ में इस प्रदर्शन को आगामी चुनावी रणनीतियों से जोड़कर भी देखा जा रहा है, क्योंकि बीजेपी अब इस मुद्दे को लेकर प्रदेश के कोने-कोने तक जाने की तैयारी में है। महिला शक्ति के इस प्रदर्शन ने साफ कर दिया है कि, आने वाले दिनों में आरक्षण का मुद्दा राज्य की राजनीति का केंद्र बिंदु बना रहेगा।
