नई दिल्ली। गर्मी के मौसम का आगमन होते ही आम का इंतजार शुरू हो जाता है। फलों का राजा कहलाने वाला आम न सिर्फ अपने स्वाद और मिठास के लिए पसंद किया जाता है, बल्कि इसकी खुशबू भी लोगों को आकर्षित करती है। भारत में आम को लेकर उत्साह इतना है कि लोग इसकी दुकानों और बगीचों की ओर उत्सुकता से देखते हैं। लेकिन आजकल बाजार में मिलने वाले आमों को जल्दी पकाने के लिए अक्सर केमिकल का इस्तेमाल किया जाता है। इसके कारण आम का स्वाद प्रभावित होता है और स्वास्थ्य पर भी नकारात्मक असर पड़ सकता है
केमिकल फ्री आम पकाना इसलिए जरूरी है ताकि हम अपने परिवार और बच्चों को सुरक्षित और प्राकृतिक फल उपलब्ध करा सकें। इसके लिए सबसे पहले आम को सही समय पर तोड़ना बहुत जरूरी है। विशेषज्ञों के अनुसार आम को पूरी तरह से पीला होने पर या हल्का हरा-पीलापन रह जाने पर ही तोड़ना चाहिए। अगर आम समय से पहले तोड़ा जाए तो वह प्राकृतिक रूप से नहीं पकता और जल्दी सड़ने लगता है।घर पर आम को प्राकृतिक तरीके से पकाने के लिए कुछ देसी उपाय अपनाए जा सकते हैं। सबसे आसान तरीका है आम को पेड़ से तोड़ने के बाद किसी धूप या गर्म जगह पर रखने की बजाय कागज के थैले में रखना। यह तरीका आम को धीरे-धीरे पकने में मदद करता है और उसकी मिठास भी बढ़ती है। कुछ लोग आम को केले के साथ रखकर पकाते हैं क्योंकि केले से निकलने वाला एथिलीन गैस आम को जल्दी और समान रूप से पकाने में मदद करती है।इसके अलावा, आम को पकाने के लिए मिट्टी का बर्तन या सूखा आटा भी इस्तेमाल किया जा सकता है। आम को हल्के सूखे आटे में ढककर कुछ दिनों के लिए कमरे के तापमान पर रखा जाए तो वह धीरे-धीरे पकता है और उसकी प्राकृतिक मिठास बरकरार रहती है। ऐसे प्राकृतिक तरीके अपनाने से न सिर्फ आम की गुणवत्ता बढ़ती है बल्कि स्वास्थ्य के लिए भी यह सुरक्षित रहता है।
स्वाद और पौष्टिकता के लिहाज से देसी तरीके से पकाया हुआ आम बाजार के आमों से कहीं बेहतर होता है। इसमें केमिकल नहीं होते, जिससे इसका स्वाद शुद्ध और खुशबू अधिक होती है। इसके अलावा, यह शरीर के लिए भी फायदेमंद है क्योंकि इसमें पोषक तत्व जैसे विटामिन सी, फाइबर और एंटीऑक्सीडेंट्स सुरक्षित रहते हैं।इस गर्मी में अगर आप मीठे और रसीले आम का आनंद लेना चाहते हैं तो पेड़ से आम तोड़ते समय उसकी पकावट और प्राकृतिक तरीकों का ध्यान रखें। कागज के थैले, केले के साथ रखना या सूखे आटे में रखना जैसे देसी उपाय आम को सुरक्षित और स्वादिष्ट बनाए रखते हैं। इस तरह आप बिना किसी केमिकल के अपने घर में मीठे, रसीले और शुद्ध आम का आनंद ले सकते हैं।
