रायपुर। 18 किलो गांजे की तस्करी के मामले में रायपुर की विशेष एनडीपीएस अदालत ने अंतरराज्यीय तस्कर को 10 वर्ष के सश्रम कारावास और एक लाख रुपये के अर्थदंड की सजा सुनाई है। विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस एक्ट, रायपुर श्रीमती किरण थवाईत ने 11 सितंबर 2026 को मामले में फैसला सुनाया।
मामला 18 जून 2024 का है। टिकरापारा पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी कि एक युवक अवैध रूप से गांजा लेकर परिवहन कर रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस ने घेराबंदी कर आरोपी राज नामदेव (21), पिता ब्रिजेश नामदेव, को गिरफ्तार किया। आरोपी मध्यप्रदेश के विदिशा जिले के सिटी कोतवाली थाना क्षेत्र अंतर्गत गुप्तेश्वर मंदिर, किले के अंदर का निवासी है।
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पुलिस ने आरोपी के कब्जे से 18 किलोग्राम गांजा बरामद किया था। जब्त गांजे की अनुमानित कीमत करीब 3 लाख 60 हजार रुपये बताई गई। मामले में टिकरापारा थाने में अपराध क्रमांक 480/2024 दर्ज कर एनडीपीएस एक्ट की धारा 20(बी) के तहत कार्रवाई की गई।विवेचना पूरी करने के बाद पुलिस ने मामले का चालान न्यायालय में पेश किया। सुनवाई के दौरान पुलिस की ओर से प्रस्तुत साक्ष्यों और प्रभावी पैरवी के आधार पर अदालत ने आरोपी को दोषी पाया।
इसके बाद विशेष न्यायाधीश ने आरोपी राज नामदेव को 10 वर्ष के सश्रम कारावास और 1 लाख रुपये के अर्थदंड से दंडित किया।पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मामले में की गई सशक्त विवेचना और न्यायालय में प्रभावी पैरवी के चलते आरोपी को गांजा तस्करी के अपराध में कठोर सजा दिलाने में सफलता मिली।
