कोरबा। जिले के पोड़ी उपरोड़ा विकासखंड की ग्राम पंचायत गुरसिया की सरपंच हेमलता बघेल पर कथित वित्तीय अनियमितताओं के मामले में प्रशासन ने सख्त कदम उठाया है। जांच रिपोर्ट के आधार पर अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) ने उन्हें तत्काल प्रभाव से सरपंच पद से निलंबित कर दिया है। प्रशासन के अनुसार, ग्रामीणों की शिकायत के बाद मामले की जांच कराई गई थी। जांच में आरोप सामने आया कि पंचायत के शासकीय खाते से निर्माण कार्यों के लिए जारी करीब 37 लाख 26 हजार रुपये की राशि संयुक्त खाते के माध्यम से कथित रूप से निजी बचत खाते में स्थानांतरित की गई। इसे गंभीर वित्तीय अनियमितता मानते हुए कार्रवाई की गई है।
एसडीएम न्यायालय ने छत्तीसगढ़ पंचायत राज अधिनियम, 1993 के तहत सरपंच के खिलाफ पद से हटाने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है। प्रशासन ने कहा कि जांच पूरी होने तक पंचायत के कामकाज को प्रभावित होने से बचाने और रिकॉर्ड की सुरक्षा के लिए निलंबन का फैसला लिया गया है। निलंबन अवधि में सरपंच को किसी भी शासकीय कार्य में हस्तक्षेप नहीं करने और पंचायत से जुड़े दस्तावेज, सामग्री व प्रभार अधिकृत अधिकारी को सौंपने के निर्देश दिए गए हैं। मामले में आगे की कार्रवाई जांच के निष्कर्षों के आधार पर की जाएगी।


