सूरजपुर। छत्तीसगढ़ के सूरजपुर जिले में साइबर ठगी का एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। ठगों ने खुद को मुंबई पुलिस का अधिकारी बताकर एक महिला से उसके पति की कथित गिरफ्तारी का डर दिखाया और उसे छुड़ाने के नाम पर 35 हजार रुपये ठग लिए। मामले ने तब नया मोड़ ले लिया, जब महिला का पति भी लापता मिला और उसका मोबाइल लगातार बंद आने लगा।
जानकारी के अनुसार, कोतवाली क्षेत्र के मस्जिद मोहल्ला निवासी सोनी सिंह के पति बाहर रहकर ड्राइवर का काम करते हैं। चार दिन पहले महिला के व्हाट्सएप पर कॉल कर ठगों ने दावा किया कि उसके पति को सोना-चांदी से जुड़े मामले में गिरफ्तार किया गया है। पहले 7 हजार रुपये और बाद में 26 हजार रुपये की मांग की गई। महिला ने डर के कारण रकम ट्रांसफर कर दी।
इसके बाद ठगों ने महिला को एक फर्जी मारपीट का वीडियो भेजा, जिसमें उसके पति से मिलता-जुलता व्यक्ति दिखाई दे रहा था। इतना ही नहीं, एक व्यक्ति ने खुद को उसका पति बताकर कॉल किया और छुड़ाने की गुहार लगाई। बाद में 20 हजार रुपये की अतिरिक्त मांग किए जाने पर महिला को ठगी का शक हुआ और उसने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
पुलिस ने मामला दर्ज कर मोबाइल नंबर, बैंक खातों और ऑनलाइन ट्रांजैक्शन की जांच शुरू कर दी है। अधिकारियों का कहना है कि साइबर अपराधी एआई और आधुनिक तकनीकों का इस्तेमाल कर लोगों को झांसे में ले रहे हैं। किसी भी अनजान कॉल या दबाव में आकर पैसे ट्रांसफर करने के बजाय तत्काल पुलिस से संपर्क करना चाहिए। फिलहाल पुलिस के सामने सबसे बड़ी चुनौती महिला के लापता पति का पता लगाना और पूरे साइबर ठगी गिरोह का पर्दाफाश करना है।

