ट्रंप प्रशासन ने सीमाओं पर बढ़ाई निगरानी, अमेरिका इबोला संक्रमण रोकने को प्रतिबद्ध

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अमेरिका के विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने कहा है कि ट्रंप प्रशासन इबोला वायरस के संक्रमण को देश में आने से रोकने के लिए तेजी से काम कर रहा है। उन्होंने यह बात अफ्रीका के कुछ हिस्सों में इबोला के बढ़ते मामलों के बीच कही। सरकार की सबसे बड़ी प्राथमिकता अमेरिकी नागरिकों को किसी भी संभावित संक्रमण से बचाना है। रुबियो ने स्पष्ट किया कि वे किसी भी हालत में इबोला के मामलों को अमेरिका में आने नहीं,

सभी एजेंसियां मिलकर काम कर रही

रुबियो ने व्हाइट हाउस में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक के दौरान यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि विदेश विभाग, रोग नियंत्रण और रोकथाम केंद्र (सीडीसी) और स्वास्थ्य एवं मानव सेवा विभाग (एचएचएस) सहित कई एजेंसियां मिलकर काम कर रही हैं। इसका उद्देश्य वहीं संक्रमण को रोकना है। रुबियो ने कहा, हमने वहां मदद और संसाधन बढ़ा दिए हैं, ताकि बीमारी को वहीं कंट्रोल किया जा सके। अमेरिकी एजेंसियां यात्रियों और सीमाओं पर लगातार नजर रख रही हैं। इसका मकसद यह सुनिश्चित करना है कि कोई संक्रमित व्यक्ति देश में प्रवेश न कर सके। विदेश मंत्री ने कहा कि अमेरिकी नागरिकों को अपनी सुरक्षा के लिए प्रशासन पर भरोसा रखना चाहिए।

सीमा पर कड़ी नजर 

अमेरिकी एजेंसियां देश की सीमाओं और यात्रियों पर कड़ी निगरानी रख रही हैं। यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि कोई भी संक्रमित व्यक्ति अमेरिका में प्रवेश न कर पाए। रुबियो ने स्वास्थ्य सुरक्षा को अमेरिकी विदेश नीति का अभिन्न अंग बताया। उन्होंने कहा कि अमेरिकी नागरिकों की सुरक्षा विदेश नीति की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसके अतिरिक्त, अमेरिका ने बीस देशों के साथ समझौते किए हैं। इन समझौतों के तहत वे अमेरिका से निकाले गए लोगों को वापस स्वीकार करेंगे, जिससे आव्रजन नियमों को सख्त किया जा रहा है।

कैबिनेट बैठक और इबोला का स्वरूप

कैबिनेट बैठक में राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने इबोला के मुद्दे पर ज्यादा विस्तार से बात नहीं की। यह बैठक मुख्य रूप से ईरान, आव्रजन, ऊर्जा नीति और रक्षा खर्च जैसे विषयों पर केंद्रित थी। इबोला एक अत्यधिक संक्रामक वायरल बीमारी है। यह संक्रमित व्यक्ति के शरीर के तरल पदार्थों के सीधे संपर्क से फैलती है। गंभीर मामलों में इसकी मृत्यु दर बहुत अधिक होती है। डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ द कांगो में पिछले कई वर्षों में इबोला के कई प्रकोप देखे गए हैं।