बांदा, यूपी। बांदा जिले के अछरौंद ग्राम पंचायत से एक disturbing मामला सामने आया है, जहां जूनियर हाई स्कूल के छात्र स्कूल यूनिफॉर्म पहनकर रेत ढोते हुए वीडियो में दिखाई दिए। सोशल मीडिया पर यह वीडियो वायरल होने के बाद माता-पिता और स्थानीय लोग गुस्से में हैं और स्कूल प्रशासन की कार्यप्रणाली पर सवाल उठा रहे हैं। वीडियो में बच्चे फावड़े और बर्तनों से रेत भरते नजर आ रहे हैं, जिसे न तो बच्चों के लिए उचित माना जा सकता है और न ही कानून के अनुसार सही। वीडियो बनाने वाले महेंद्र ने आरोप लगाया कि उसके बच्चे भी उसी स्कूल में पढ़ते हैं और बच्चों से जबरन मजदूरी कराई जा रही है। उन्होंने सरकार और प्रशासन से मामले की जांच और जिम्मेदारों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी अव्यक्त राम तिवारी ने कहा कि शुक्रवार को सभी स्कूल बंद थे और वायरल वीडियो अभी तक उनके ध्यान में नहीं आया है। उन्होंने कहा कि यदि ऐसा कोई वीडियो सामने आता है, तो इसकी जांच की जाएगी और उचित कार्रवाई की जाएगी। कानून के अनुसार 6 से 12 वर्ष की उम्र के बच्चों से कोई भी काम करवाना अपराध है, लेकिन आरोप हैं कि कुछ स्कूलों में शिक्षक ही बच्चों से काम करवा रहे हैं।
बांदा में स्कूल बच्चों को रेत ढुलाई के लिए मजबूर करने का वायरल वीडियो, पैरेंट्स में आक्रोश
