रायपुर। छत्तीसगढ़ में रिटर्न मानसून का कहर अभी थमने का नाम नहीं ले रहा है। एक पखवाड़े के अंदर मानसून की वापसी होना है। इसके बाद भी छत्तीसगढ़ में मानसून ने जमकर तबाही मचाई है। आज भी प्रदेश के कई जिलों में बारिश होने की संभावना है। कुछ जगहों पर तेज हवाओं के साथ भारी या हल्की बारिश हो सकती है।
रायपुर, दुर्ग,राजनांदगांव समेत कई जिलों में में 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल सकती हैं। प्रदेशभर में भारी बारिश और नदी, नालों के उफान पर होने की वजह से अलग-अलग हादसे में कुल 12 लोग बह गए । इसमें से तीन लोगों की मौत हो गई है। हालांकि, अब नदी, नालों से पानी उतर रहा है।
नगर निगम और स्थानीय प्रशासन की और से पानी की निकासी कराई जा रही है। रायपुर से अमलेश्वर जाने वाले पुल पर अब जलभराव खत्म हो गया है। रायपुर से अमलेश्वर तक लोगों का आवागमन शुरू हो गया है। लोगों ने राहत की सांस ली है। यह पुल भारी बारिश की वजह से दो दिनों से बंद था। खारून नदी पुल के ऊपर से बह रही थी।
मौसम विभाग के मुताबिक, उत्तर-पूर्वी मध्यप्रदेश और उससे लगे उत्तरी छत्तीसगढ़ के ऊपर बना डिप्रेशन अब कमजोर पड़ने के संकेत दे रहा है। इसके असर से प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश हुई। आज भी प्रदेश के कुछ स्थानों पर तेज हवाओं के साथ बारिश हो सकती है। बादल गरजने के साथ ही आकाशीय बिजली भी गिर सकती है।
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आने वाले दिनों में बारिश की गतिविधियों में कमी आने की संभावना जताई गई है। प्रदेश में सामान्य से 5.6 फीसदी ज्यादा बारिश हुई है। एक जून से 26 सितंबर तक छत्तीसगढ़ में कुल 1150.5 मिमी बारिश दर्ज की गई है। इस अवधि में सामान्य बारिश का आंकड़ा 1089.6 मिमी है। इस तरह प्रदेश में अब तक सामान्य से 5.6 फीसदी अधिक बारिश हुई है।
