पृथक्करण एवं वैज्ञानिक पुनर्चक्रण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से ‘बॉटल्स फॉर चेंज पहल का शुभारंभ महापौर मीनल चौबे ने किया

Follow Us

०प्लास्टिक कचरे के स्रोत स्तर पर पृथक्करण और वैज्ञानिक पुनर्चक्रण को मिलेगा बढ़ावा

रायपुर। 13 अगस्त (आरएनएस)। नगर पालिक निगम रायपुर द्वारा प्लास्टिक कचरे के स्रोत स्तर पर पृथक्करण एवं वैज्ञानिक पुनर्चक्रण को बढ़ावा देने के उद्देश्य से ‘बॉटल्स फॉर चेंज पहल का शुभारंभ महापौर चौबे ने किया। यह पहल बिसलेरी इंटरनेशनल प्राइवेट लिमिटेड की कॉरपोरेट सामाजिक जिम्मेदारी पहल के तहत यंग इंडियंस और सीआईआई रायपुर चैप्टर के सहयोग से शुरू की गई है।

इस पहल के तहत शहर के प्रमुख सार्वजनिक स्थलों पर छह प्लास्टिक बैंक स्थापित किए जाएंगे। इनमें नगर निगम मुख्यालय, आजाद चौक, बूढ़ा तालाब स्थित शीतला मंदिर के पास, पंडित रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय के बाहर, अनुपम गार्डन और महादेव घाट शामिल हैं।

46 हजार प्लास्टिक बोतलों से बनेगी बेंच
‘बॉटल्स फॉर चेंज पहल का उद्देश्य नागरिकों को प्लास्टिक कचरे को स्रोत पर ही अलग करने के लिए जागरूक करना तथा एकत्रित प्लास्टिक को उचित माध्यम से पुनर्चक्रण के लिए भेजना है।

पहल के तहत बिसलेरी द्वारा एकत्रित करीब 46 हजार प्लास्टिक बोतलों के पुनर्चक्रण से एक बेंच तैयार की जाएगी, जिसे नगर निगम को नि:शुल्क उपलब्ध कराया जाएगा। इससे प्लास्टिक कचरे के पुनर्चक्रण के साथ नागरिकों में पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने का प्रयास किया जाएगा।


Read more :-  ये फितूर तेरा’ की सौम्या-जीत की जोड़ी बनी फैंस की फेवरेट, देबचंद्रिमा बोलीं”ये प्यार मेरे लिए बहुत मायने रखता है”


कॉलोनियों और संस्थानों तक पहुंचेगा अभियान
अगले चरण में आवासीय कॉलोनियों, शैक्षणिक संस्थानों, व्यावसायिक प्रतिष्ठानों, होटल, रेस्टोरेंट तथा अन्य थोक कचरा उत्पादकों से प्लास्टिक कचरे का संग्रहण किया जाएगा। एकत्रित प्लास्टिक को उचित चैनल के माध्यम से पुनर्चक्रण के लिए भेजा जाएगा।

इसके साथ ही विभिन्न हितधारकों के समन्वय से नियमित प्लास्टिक कचरा संग्रहण अभियान भी आयोजित किए जाएंगे, ताकि नागरिकों को स्रोत पर कचरा पृथक्करण के लिए प्रेरित करने के साथ प्लास्टिक के पुनर्चक्रण को बढ़ावा दिया जा सके।

महापौर ने की नागरिकों से सहभागिता की अपील
महापौर श्रीमती मीनल चौबे ने कहा कि प्लास्टिक कचरे का उचित प्रबंधन केवल नगर निगम की जिम्मेदारी नहीं है, बल्कि इसमें प्रत्येक नागरिक की सहभागिता आवश्यक है। ‘बॉटल्स फॉर चेंज जैसी पहल के माध्यम से नागरिक प्लास्टिक कचरे को सामान्य कचरे से अलग कर पुनर्चक्रण के लिए उपलब्ध करा सकेंगे। इससे लैंडफिल में जाने वाले कचरे की मात्रा कम करने में मदद मिलेगी।

उन्होंने कहा कि यह पहल प्लास्टिक एवं ठोस कचरे के वैज्ञानिक प्रबंधन, स्रोत पर पृथक्करण और नियमों के प्रभावी अनुपालन की दिशा में भी सहायक होगी। महापौर ने नागरिकों से अपील की कि वे प्लास्टिक कचरे को अन्य कचरे से अलग रखें और निर्धारित प्लास्टिक बैंक अथवा संग्रहण व्यवस्था के माध्यम से उसे पुनर्चक्रण के लिए उपलब्ध कराएं।


Read more :- सुदृढ़ कृषि व्यवस्था और पारदर्शी सुशासन से बदल रहा छत्तीसगढ़ के किसानों की तकदीर

उन्होंने कहा कि सीएसआर के माध्यम से संचालित यह पहल रायपुर को स्वच्छ, जागरूक और पर्यावरण-अनुकूल शहर बनाने की दिशा में जनभागीदारी को और मजबूत करेगी।

अधिकारी और संस्थाओं के प्रतिनिधि रहे मौजूद
शुभारंभ अवसर पर नगर निगम के अपर आयुक्त विनोद पाण्डे, स्वच्छ भारत मिशन के कार्यपालन अभियंता योगेश कडु, उप अभियंता कृष्णा राठी एवं संस्कार शर्मा, एसडब्ल्यूएम विशेषज्ञ प्रमीत चोपड़ा सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।
बिसलेरी इंटरनेशनल प्राइवेट लिमिटेड की सीएसआर टीम से बाला साईदाबाबू एवं संतोष कुमार साहू तथा यंग इंडियंस, सीआईआई रायपुर चैप्टर की ओर से अदिति, शाहिद एवं दीपेन उपस्थित रहे।