० रायपुर में अलग-अलग थाना क्षेत्रों में धोखाधड़ी और वाहन चोरी के मामले दर्ज
रायपुर । राजधानी में साइबर ठगी और वाहन चोरी के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। पुरानी बस्ती और खमतराई थाना क्षेत्रों में साइबर ठगों ने अलग-अलग तरीकों से लोगों को झांसे में लेकर लाखों रुपये की ठगी की। वहीं गांधीनगर और तेलीबांधा क्षेत्र से दो मोटरसाइकिल चोरी होने की रिपोर्ट दर्ज की गई है।
० क्रेडिट कार्ड केवाईसी के नाम पर 2.20 लाख की ठगी
पुरानी बस्ती थाना क्षेत्र के ढेबर सिटी, भाठागांव निवासी विनोद कुमार ने शिकायत दर्ज कराई कि 24 सितंबर को एक मोबाइल नंबर धारक ने वाट्सऐप पर ऑनलाइन लिंक भेजा। आरोपी ने क्रेडिट कार्ड का केवाईसी अपडेट करने के नाम पर आधार और पैन कार्ड की जानकारी मंगाई। इसके बाद उसके क्रेडिट कार्ड से कुल 2.20 लाख रुपये निकाल लिए गए। पुलिस ने बीएनएस की धारा 318(4) के तहत मामला दर्ज किया है।
० सीबीआई अधिकारी बनकर 8.50 लाख ठगे
खमतराई थाना क्षेत्र के बजरंग नगर उरकुरा निवासी देव सिंह साहू से आरोपियों ने फोन पर संपर्क किया। ठगों ने खुद को सीबीआई और आईपीएस अधिकारी बताते हुए उनके आईसीआईसीआई बैंक खाते में 6.80 करोड़ रुपये का मनी लॉन्ड्रिंग होने की बात कही। इसके बाद उन्हें डराकर और निजी जानकारी हासिल कर अलग-अलग नौ बार में कुल 8.50 लाख रुपये ऑनलाइन ले लिए। पुलिस ने आईटी एक्ट की धारा 66डी समेत बीएनएस की विभिन्न धाराओं में अपराध दर्ज किया है।
० फर्जी दस्तावेज देकर किराये की कार ले गए
खमतराई थाना क्षेत्र में किराये की कार चलाने वाले कमलेश रात्रे से धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। शिकायत के मुताबिक आरोपी उनके पास फर्जी आधार, पैन और ड्राइविंग लाइसेंस जमा कर फोर्ड फिगो कार क्रमांक सीजी 10 एफए 1277 को तीन से चार दिन के लिए किराये पर ले गए। निर्धारित समय बीतने के बाद भी कार वापस नहीं की गई। मामले में पुलिस ने बीएनएस की धारा 318(4) और 319 के तहत अपराध दर्ज किया है।
० दो स्थानों से मोटरसाइकिल चोरी
गांधी थाना क्षेत्र में गरचा कॉम्प्लेक्स के पार्किंग स्थल से गोविंद कुमार विभार की होंडा साइन मोटरसाइकिल क्रमांक सीजी 04 एमडब्ल्यू 6615 चोरी हो गई। इसकी कीमत करीब 10 हजार रुपये बताई गई है। वहीं तेलीबांधा मरीन ड्राइव रोड किनारे से थॉमस मैत्री की यामाहा आर-15 मोटरसाइकिल क्रमांक सीजी 07 सीडी 7863 चोरी हो गई। इसकी कीमत करीब 30 हजार रुपये बताई गई है। दोनों मामलों में अज्ञात आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की धारा 303(2) के तहत अपराध दर्ज किया गया है।
