गरियाबंद। छत्तीसगढ़ के गरियाबंद जिले से रूह कंपा देने वाले दोहरे हत्याकांड का मामला सामने आया है। शोभा थाना क्षेत्र के ग्राम गरीबा में पुरानी रंजिश के चलते एक पति-पत्नी की बेरहमी से हत्या कर दी गई। सबूत मिटाने के लिए हत्यारों ने दोनों के शवों को बोरों में भरकर श्मशान घाट में दफना दिया था। लेकिन नियति का खेल देखिए, एक हफ्ते बाद गांव में हुई एक अन्य मौत ने इस खौफनाक राज से पर्दा उठा दिया। पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए पड़ोसी सहित 3 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
ग्राम गरीबा निवासी राजाराम नेताम और उनकी पत्नी आशो बाई नेताम 6 जून से अचानक लापता थे। इसी बीच, गांव के एक अन्य व्यक्ति के निधन पर जब ग्रामीण अंतिम संस्कार के लिए श्मशान घाट पहुंचे, तो वहां दो जगह मिट्टी हाल ही में खुदी हुई मिली। गांव में किसी और की मौत न होने के कारण ग्रामीणों को संदेह हुआ। गायब दंपति की याद आते ही ग्रामीणों ने तुरंत शोभा थाना पुलिस को सूचना दी।
थाना प्रभारी पवन वर्मा के नेतृत्व में जब पुलिस ने श्मशान की खुदाई करवाई, तो वहां से राजाराम और आशो बाई के शव बरामद हुए। पूछताछ में पता चला कि 6 जून को पुरानी दुश्मनी के चलते पड़ोस में रहने वाले लखीराम नेताम, रघुराम नेताम और नकुल राम नेताम ने डंडों से पीट-पीटकर दंपति को मौत के घाट उतार दिया था। पुलिस ने तीनों आरोपियों को सलाखों के पीछे भेज दिया है। शवों के अवशेषों को गहन फॉरेंसिक जांच के लिए रायपुर भेजा गया है। इस वीभत्स हत्याकांड से पूरे इलाके में दहशत और आक्रोश का माहौल है।
