बिलासपुर। जिले की धार्मिक नगरी रतनपुर स्थित प्रसिद्ध गिरजावन हनुमान मंदिर परिसर में एक वृद्ध द्वारा फांसी लगाकर आत्महत्या किए जाने की घटना से क्षेत्र में शोक और सनसनी का माहौल है। मंदिर परिसर में अमरूद के पेड़ से वृद्ध का शव लटका मिलने के बाद श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों में हड़कंप मच गया। सूचना मिलते ही रतनपुर पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पंचनामा कार्रवाई शुरू की। पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच प्रारंभ कर दी है। पुलिस से मिली प्रारंभिक जानकारी के अनुसार मृतक की पहचान चमराराम सिदार के रूप में हुई है, जो बिलासपुर जिले के गनियारी क्षेत्र अंतर्गत ग्राम चोरभट्ठी का निवासी था। बताया जा रहा है कि वह पिछले लगभग एक महीने से गिरजावन हनुमान मंदिर परिसर में रह रहा था। इस दौरान वह मंदिर की नियमित पूजा-पाठ और अन्य धार्मिक गतिविधियों में शामिल रहता था। मंदिर परिसर में रहने के कारण वहां के सेवकों और श्रद्धालुओं के बीच उसकी पहचान बन गई थी।
जानकारी के मुताबिक, गुरुवार को चमराराम सिदार मंदिर के सहायकों के साथ अमरकंटक दर्शन के लिए गया था। दर्शन कर सभी लोग देर रात वापस मंदिर लौट आए। शुक्रवार सुबह करीब 10 बजे तक वह मंदिर परिसर में सामान्य रूप से पूजा-अर्चना करता हुआ दिखाई दिया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार उसके व्यवहार में किसी प्रकार की असामान्यता नजर नहीं आई और वह रोज की तरह सामान्य गतिविधियों में शामिल था। कुछ समय बाद मंदिर परिसर के यज्ञ स्थल के समीप स्थित अमरूद के पेड़ पर उसका शव गमछे के सहारे फंदे से लटका मिला। यह दृश्य देखकर मंदिर में मौजूद लोगों ने तत्काल पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची रतनपुर पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण किया और आवश्यक साक्ष्य एकत्रित किए। इसके बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया। प्रारंभिक जांच में आत्महत्या के पीछे की वजह स्पष्ट नहीं हो सकी है।
पुलिस मृतक के पारिवारिक और सामाजिक संबंधों के साथ-साथ उसकी मानसिक स्थिति और हाल के दिनों की गतिविधियों की भी जानकारी जुटा रही है। मंदिर के सेवकों, सहायकों और आसपास मौजूद लोगों से पूछताछ की जा रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि आत्महत्या से पहले कोई ऐसी घटना तो नहीं हुई, जिसने उसे यह कदम उठाने के लिए मजबूर किया हो। रतनपुर पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और जांच के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों के बारे में स्पष्ट जानकारी सामने आएगी। फिलहाल सभी पहलुओं को ध्यान में रखकर जांच की जा रही है। यदि जांच में कोई अन्य तथ्य सामने आते हैं तो उसके आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।
घटना के बाद गिरजावन हनुमान मंदिर परिसर में शोक का माहौल है। स्थानीय श्रद्धालुओं और मंदिर प्रबंधन ने घटना पर दुख व्यक्त किया है। लोगों का कहना है कि चमराराम सिदार पिछले कुछ समय से मंदिर में शांतिपूर्वक रह रहा था और नियमित रूप से धार्मिक गतिविधियों में भाग लेता था। ऐसे में उसके इस कदम से सभी लोग स्तब्ध हैं। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि मामले को लेकर किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें और जांच पूरी होने तक आधिकारिक जानकारी का ही भरोसा करें। फिलहाल रतनपुर पुलिस मामले की हर पहलू से जांच कर रही है और आत्महत्या के पीछे के कारणों का पता लगाने का प्रयास जारी है।
