बलरामपुर। जिला चिकित्सालय बलरामपुर में सिविल सर्जन सह मुख्य अस्पताल अधीक्षक का प्रभार हस्तांतरित नहीं किए जाने का मामला सामने आया है। शासन के 17 सितंबर 2026 के स्थानांतरण आदेश के 25 दिन से अधिक समय बीतने के बाद भी नई पदस्थापना के अनुरूप जिम्मेदारी नहीं सौंपे जाने की शिकायत की गई है। इस संबंध में 25 डॉक्टरों सहित कुल 131 कर्मचारियों ने हस्ताक्षरयुक्त ज्ञापन कलेक्टर को सौंपकर जल्द कार्रवाई की मांग की है। ज्ञापन के अनुसार, लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग ने डॉ. रामप्रसाद तिर्की को जिला चिकित्सालय बलरामपुर में सिविल सर्जन सह मुख्य अस्पताल अधीक्षक नियुक्त किया था। वहीं, पूर्व पदस्थ अधिकारी डॉ. शशांक गुप्ता को सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र राजपुर भेजने का आदेश जारी किया गया था।
कर्मचारियों का आरोप है कि स्थानांतरण आदेश जारी होने के बावजूद डॉ. तिर्की को अब तक विधिवत प्रभार नहीं दिया गया है। इससे शासन के आदेश के पालन में देरी हो रही है और अस्पताल की प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर भी चिंता बनी हुई है। कलेक्टर को सौंपे गए ज्ञापन में छत्तीसगढ़ सिविल सेवा नियम, 1982 और स्थानांतरण नीति 2025 का उल्लेख करते हुए आदेश का समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित करने का आग्रह किया गया है। कर्मचारियों ने मांग की है कि पूर्व पदस्थ अधिकारी को सभी अभिलेखों, वित्तीय एवं प्रशासनिक दस्तावेजों और संबंधित जिम्मेदारियों सहित प्रभार सौंपने के निर्देश दिए जाएं।
ज्ञापन में प्रभार हस्तांतरण में हुई देरी के कारणों की जांच कर नियमानुसार प्रशासनिक कार्रवाई करने की मांग भी की गई है। साथ ही भविष्य में स्थानांतरण आदेशों के पालन में इस तरह की देरी रोकने के लिए आवश्यक निर्देश जारी करने का आग्रह किया गया है। ज्ञापन की प्रतिलिपि जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी को भी भेजे जाने का उल्लेख है। फिलहाल इस मामले में जिला प्रशासन की कार्रवाई और संबंधित अधिकारियों का पक्ष सामने आना बाकी है।
