लखनऊ। समाजवादी परिवार के लिए आज का दिन अत्यंत पीड़ादायक और भावुक कर देने वाला रहा। सपा संस्थापक स्वर्गीय मुलायम सिंह यादव के छोटे बेटे प्रतीक यादव के असामयिक निधन ने पूरे परिवार को झकझोर कर रख दिया है। बुधवार को पीएम के बाद जब प्रतीक का पार्थिव शरीर उनके आवास पहुँचा, तो वहां का दृश्य देखकर हर किसी का कलेजा मुंह को आ गया। अपने छोटे भाई की अंतिम विदाई की तैयारी करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव अपने आंसू नहीं रोक पाए। भाई के निर्जीव शरीर को देख अखिलेश बेहद भावुक नजर आए, वहीं प्रतीक की पत्नी अपर्णा यादव की रुलाई देख वहां मौजूद हर शख्स की आंखें भीग गईं।
प्रतीक यादव पिछले कुछ समय से अस्वस्थ चल रहे थे। उन्हें लखनऊ के मेदांता अस्पताल में भर्ती कराया गया था, जहाँ अखिलेश यादव स्वयं उनका हालचाल जानने पहुँचे थे। हालत में मामूली सुधार के बाद उन्हें घर लाया गया था, लेकिन बुधवार सुबह अचानक तबीयत बिगड़ने पर उन्हें सिविल अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। भाई को याद करते हुए अखिलेश यादव ने भावुक मन से कहा कि, प्रतीक जीवन में बहुत कुछ करना चाहता था। उन्होंने बताया कि, कुछ दिन पहले ही मुलाकात हुई थी, तब उन्होंने प्रतीक को अपनी सेहत और कारोबार पर ध्यान देने की सलाह दी थी।
इस दुख की घड़ी में डिंपल यादव समेत परिवार के सभी सदस्य अपर्णा यादव को ढांढस बंधाने में जुटे रहे। आवास पर सांत्वना देने के लिए विभिन्न राजनैतिक दलों के दिग्गज नेताओं का तांता लगा रहा। हर कोई इस ‘अपूर्णीय क्षति’ से स्तब्ध है। जानकारी के मुताबिक, प्रतीक यादव का अंतिम संस्कार गुरुवार दोपहर 12:30 बजे पिपरा घाट पर किया जाएगा। राजनीति से दूर रहकर अपने कारोबार और फिटनेस के लिए पहचाने जाने वाले प्रतीक का जाना यादव परिवार के लिए एक ऐसा शून्य छोड़ गया है, जिसकी भरपाई नामुमकिन है।
