बलौदाबाजार। जिले के पलारी क्षेत्र में फर्जी ट्रांसफर आदेश तैयार कर सरकारी कर्मचारी को स्थानांतरण का लाभ दिलाने की कोशिश का मामला सामने आया है। पुलिस ने इस मामले में बीजेपी के जिला महामंत्री कृष्णा अवस्थी, जिला उपाध्यक्ष पुनीराम पटेल सहित चार लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार, आरोपियों पर आरोप है कि उन्होंने सीएमएचओ कार्यालय के फर्जी हस्ताक्षर के आधार पर कथित कूटरचित ट्रांसफर आदेश तैयार किया और उसे सरकारी कार्यालय में वास्तविक दस्तावेज बताकर प्रस्तुत किया। मामले में पलारी थाना पुलिस ने बीएनएस की विभिन्न धाराओं के तहत अपराध दर्ज किया है।
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जानकारी के मुताबिक, ग्रामीण चिकित्सा सहायक करण कुमार देवांगन ने 17 अगस्त को बीएमओ कार्यालय पलारी में एक ट्रांसफर आदेश प्रस्तुत किया था, जिसमें उसे प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र रोहांसी से प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र मोपर स्थानांतरित किए जाने का उल्लेख था। दस्तावेज की जांच के दौरान संदेह होने पर बीएमओ कार्यालय ने सीएमएचओ कार्यालय से इसकी पुष्टि कराई। सीएमएचओ कार्यालय ने बताया कि ऐसा कोई आदेश उनके कार्यालय से जारी नहीं किया गया है और दस्तावेज में किए गए हस्ताक्षर भी वास्तविक नहीं पाए गए।
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सीएमएचओ कार्यालय ने यह भी स्पष्ट किया कि करण देवांगन राज्य संवर्ग के कर्मचारी हैं और उनके स्थानांतरण का अधिकार राज्य शासन के पास है। इसके बाद बीएमओ की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज किया। पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि फर्जी आदेश किसने तैयार किया और इस मामले में अन्य कौन-कौन लोग शामिल हैं। वहीं एफआईआर दर्ज होने के बाद बीजेपी ने अपने दोनों नेताओं कृष्णा अवस्थी और पुनीराम पटेल को संगठन से निष्कासित कर दिया है।
