नई दिल्ली। वैश्विक बाजारों से मिल रहे सकारात्मक संकेतों और भू-राजनीतिक तनाव में मामूली कमी आने से भारतीय रुपये में आज शानदार रिकवरी देखी गई है। गुरुवार को शुरुआती कारोबार में अमेरिकी डॉलर के मुकाबले रुपया अपने सर्वकालिक निचले स्तर (All-Time Low) से 41 पैसे मजबूत होकर 96.45 के स्तर पर पहुंच गया। इससे पिछले कारोबारी सत्र में रुपया 96.86 प्रति डॉलर के अब तक के सबसे निचले स्तर पर बंद हुआ था।
विदेशी मुद्रा डीलरों के अनुसार, इस तेजी के पीछे अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प का वह बयान है, जिसमें उन्होंने संकेत दिया कि ईरान के साथ चल रही शांति वार्ता अंतिम चरण में है और अरब देशों के अनुरोध पर ईरान पर होने वाले हमलों को फिलहाल टाल दिया गया है। अंतरबैंक विदेशी मुद्रा विनिमय बाजार में रुपया आज सुबह मजबूती के साथ 96.25 पर खुला था। रुपये को सहारा देने में घरेलू शेयर बाजार की तेजी ने भी बड़ी भूमिका निभाई, जहां सेंसेक्स और निफ्टी बढ़त के साथ कारोबार कर रहे हैं। हालांकि, ब्रेंट क्रूड का 105.77 डॉलर प्रति बैरल पर होना अब भी रुपये के लिए सिरदर्द बना हुआ है। फॉरेक्स एक्सपर्ट्स का मानना है कि मिडल ईस्ट में तनाव पूरी तरह खत्म होने तक रुपये पर दबाव बना रहेगा, लेकिन आरबीआई (RBI) के संभावित हस्तक्षेप से इसकी अस्थिरता को रोकने में मदद मिलेगी।
