रायपुर। “ऑपरेशन सिंदूर” की प्रथम वर्षगांठ पर छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने भारतीय सेना के शौर्य और बलिदान को नमन करते हुए इसे नए भारत की निर्णायक शक्ति का प्रतीक बताया। उन्होंने कहा कि, यह अभियान केवल एक सैन्य कार्रवाई नहीं, बल्कि देश की मजबूत इच्छाशक्ति और आतंकवाद के खिलाफ सख्त रुख का परिचायक है। मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर संदेश जारी करते हुए कहा कि, पहलगाम में हुए आतंकी हमले ने पूरे देश को झकझोर दिया था, लेकिन भारत ने उसका जवाब बेहद सशक्त और प्रभावी तरीके से दिया। “ऑपरेशन सिंदूर” ने यह स्पष्ट कर दिया कि, अब भारत आतंकवाद को किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं करेगा।
उन्होंने कहा कि, आज का भारत चुप रहने वाला देश नहीं, बल्कि हर चुनौती का निर्णायक जवाब देने वाला राष्ट्र बन चुका है। भारतीय सेना ने इस ऑपरेशन के माध्यम से न सिर्फ आतंक के आकाओं को जवाब दिया, बल्कि वैश्विक स्तर पर भारत की सैन्य क्षमता और रणनीतिक मजबूती को भी साबित किया। मुख्यमंत्री साय ने कहा कि, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश ने “जीरो टॉलरेंस टू टेररिज्म” की नीति को जमीन पर उतारा है। आधुनिक तकनीक, मजबूत रक्षा प्रणाली और सेना की एकजुट शक्ति ने भारत को और अधिक सक्षम बनाया है। उन्होंने ऑपरेशन में शहीद और शामिल सभी वीर जवानों को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि, उनका साहस और बलिदान आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा बना रहेगा।
