रायपुर। भाजपा प्रदेश प्रवक्ता अमित चिमनानी ने कहा कि छत्तीसगढ़ में औद्योगिक निवेश और रोजगार के अवसर बढ़ाने के लिए राज्य सरकार की ओर से लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। एकात्म परिसर स्थित भाजपा कार्यालय में आयोजित पत्रकार वार्ता में उन्होंने दावा किया कि प्रदेश में करीब 8 लाख करोड़ रुपये के निवेश से जुड़ी 280 परियोजनाओं के एमओयू किए जा चुके हैं। उनके अनुसार करीब 55 प्रतिशत परियोजनाओं के लिए भूमि उपलब्ध कराने की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है या जारी है। सभी प्रस्तावित परियोजनाओं के धरातल पर आने के बाद 1.6 लाख से अधिक प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर बनने का अनुमान उन्होंने जताया।
चिमनानी ने बताया कि 2023 से 2026 के बीच औद्योगिक नीति के तहत 6,310 इकाइयों को 1,594.97 करोड़ रुपये की पूंजीगत और ब्याज सब्सिडी दी गई है। इसके अलावा 3,503 इकाइयों को स्टाम्प शुल्क और विद्युत शुल्क में विशेष छूट का लाभ मिलने की बात कही। उन्होंने दावा किया कि इस तरह 9,800 से अधिक औद्योगिक इकाइयों को विभिन्न प्रोत्साहनों और कर संबंधी राहत का फायदा मिला है। उन्होंने कहा कि जिन परियोजनाओं में निर्माण और उत्पादन शुरू हो चुका है, उनमें स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के अवसर भी तैयार हो रहे हैं।
उन्होंने मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के सिंगापुर दौरे का उल्लेख करते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ और हरियाणा को विदेश मंत्रालय के ‘SING फोरम’ में भाग लेने के लिए चुना गया है। उनके अनुसार दौरे के दौरान ऑटोमोबाइल, फार्मास्युटिकल्स और फूड प्रोसेसिंग जैसे क्षेत्रों में निवेश आकर्षित करने पर जोर रहेगा। उन्होंने जापान से जुड़ी गतिविधियों की जानकारी देते हुए कहा कि जापान एक्सटर्नल ट्रेड ऑर्गनाइजेशन (JETRO) की टीम ने इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग क्लस्टर, फार्मा पार्क, रेडीमेड गारमेंट्स पार्क और टेक्सटाइल पार्क की सुविधाओं का जायजा लिया है। चिमनानी के मुताबिक सरकार का लक्ष्य छत्तीसगढ़ को केवल खनन आधारित अर्थव्यवस्था तक सीमित न रखकर तकनीक, विनिर्माण और अन्य क्षेत्रों में निवेश के जरिए प्रतिस्पर्धी औद्योगिक केंद्र के रूप में विकसित करना है।
