नारायणपुर। छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित नारायणपुर जिले में रक्षाबंधन के अवसर पर आत्मसमर्पण कर समाज की मुख्यधारा से जुड़ी महिला माओवादियों ने शुक्रवार को जिला रिजर्व गार्ड (डीआरजी) के अधिकारियों और जवानों को राखी बांधकर शांति, विश्वास और भाईचारे का संदेश दिया।नारायणपुर पुलिस के डीआरजी परिसर में आयोजित कार्यक्रम में कभी नक्सल गतिविधियों से जुड़ी रहीं महिलाओं ने पुलिस अधिकारियों और जवानों की कलाई पर रक्षा सूत्र बांधा।
इस दौरान पुलिस परिवार और आत्मसमर्पित महिलाओं के बीच आत्मीय संवाद भी हुआ। आत्मसमर्पित महिला माओवादियों ने पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार पटेल की कलाई पर रक्षा सूत्र बांधा। इसके अलावा अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अक्षय साबद्रा, अजय कुमार एवं ऐश्वर्य चंद्राकर, उप पुलिस अधीक्षक अजय सिंह, अविनाश कंवर, मनोज मंडावी एवं आशीष नेताम, रक्षित निरीक्षक मोहसिन खान तथा थाना प्रभारी नारायणपुर विनीत दुबे को भी राखी बांधी गई।
पुलिस अधिकारियों और जवानों ने महिलाओं को रक्षाबंधन की शुभकामनाएं देते हुए उनके सुरक्षित और सम्मानजनक भविष्य की कामना की। पुलिस अधीक्षक संदीप कुमार पटेल ने कहा कि रक्षाबंधन भाई-बहन के प्रेम के साथ विश्वास, सम्मान और सुरक्षा के संकल्प का भी प्रतीक है। समाज की मुख्यधारा में लौटे लोगों को सम्मान और अपनत्व देना तथा उनके जीवन में नई उम्मीद पैदा करना सामूहिक जिम्मेदारी है।
उन्होंने कहा कि आत्मसमर्पण के बाद मुख्यधारा में शामिल लोगों को समाज में सम्मानजनक जीवन जीने का अवसर मिलना जरूरी है। ऐसे आयोजन उनके भीतर सुरक्षा और विश्वास की भावना को मजबूत करने के साथ पुलिस और समाज के बीच दूरी कम करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। डीआरजी परिसर में हुए इस आयोजन के दौरान आत्मसमर्पित महिलाओं और सुरक्षा बलों के बीच बढ़ते विश्वास की झलक देखने को मिली। कार्यक्रम के अंत में सभी ने क्षेत्र में शांति, सुरक्षा, भाईचारे और विकास की कामना की।

