सावन के सोमवार को बड़ी संख्या में लोग व्रत रखते हैं और फलाहार में साबूदाने से बनी खिचड़ी, खीर, वड़ा और दूसरी डिशेज पसंद करते हैं। लेकिन साबूदाना बनाने से पहले इसे भिगोना जरूरी होता है। मोटे साबूदाने को फूलने में 6 से 7 घंटे तक लग सकते हैं। अगर आप इसे रात में भिगोना भूल गए हैं, तो एक आसान घरेलू तरीके से कम समय में साबूदाना तैयार किया जा सकता है।
पहले अच्छी तरह धोएं साबूदाना
सबसे पहले साबूदाने को 2 से 3 बार साफ पानी से अच्छी तरह धो लें। इससे अतिरिक्त स्टार्च और गंदगी निकल जाती है, जिससे पकने के बाद साबूदाना ज्यादा चिपचिपा होने से बच सकता है। साबूदाना और पानी की मात्रा लगभग बराबर रखना जरूरी है।
हल्के गर्म पानी से करें तैयार
अब एक पैन में साबूदाने की मात्रा के बराबर पानी लें। अगर एक कप साबूदाना है तो करीब एक कप पानी गर्म करें। पानी को बहुत ज्यादा गर्म या उबलता हुआ न रखें। पानी इतना गर्म हो कि उसे आसानी से छुआ जा सके।
हल्के गर्म पानी में धुले हुए साबूदाने को डालकर पैन को ढक दें और करीब 20 से 25 मिनट के लिए छोड़ दें। इस दौरान साबूदाना पानी सोखकर फूलने लगेगा। अगर तय समय के बाद थोड़ा पानी बचा हुआ दिखाई दे, तो उसे निकाल दें। इसके बाद साबूदाने को दोबारा ढककर 20 से 25 मिनट के लिए छोड़ दें।
इस तरह करीब 40 से 50 मिनट में साबूदाना काफी हद तक फूल सकता है। तैयार साबूदाने को चेक करने के लिए एक दाने को उंगलियों से दबाकर देखें। अगर वह आसानी से दब रहा है और बीच में सख्त हिस्सा महसूस नहीं हो रहा है, तो इसका इस्तेमाल खिचड़ी, वड़ा, खीर या अन्य फलाहारी व्यंजन बनाने में किया जा सकता है।
इन बातों का रखें ध्यान
साबूदाने को उबलते पानी में डालने से बचें। बहुत ज्यादा गर्म पानी इसे जरूरत से ज्यादा नरम और चिपचिपा कर सकता है। इसी तरह पानी की मात्रा भी ज्यादा न रखें। अलग-अलग आकार और गुणवत्ता वाले साबूदाने को फूलने में अलग-अलग समय लग सकता है, इसलिए इस्तेमाल से पहले उसकी बनावट जरूर जांच लें।
अगर दाने के बीच में हल्का सख्त हिस्सा महसूस हो, तो इसे कुछ और समय के लिए ढककर रखा जा सकता है। इस आसान ट्रिक से अचानक साबूदाना बनाने की जरूरत पड़ने पर समय बचाया जा सकता है और सही तरीके से तैयार होने पर दाने खिले-खिले रखने में मदद मिल सकती है।
