हिंदू धर्म में एकादशी तिथि को भगवान विष्णु की उपासना के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जाता है। सावन माह में पड़ने वाली कामिका एकादशी का धार्मिक महत्व और भी बढ़ जाता है। मान्यता है कि इस दिन श्रद्धापूर्वक व्रत और पूजा करने से मन को शांति मिलती है और भगवान विष्णु की कृपा प्राप्त होती है।
9 अगस्त को रखा जाएगा कामिका एकादशी व्रत:
पंचांग के अनुसार, कामिका एकादशी की तिथि 8 अगस्त को दोपहर 1:59 बजे शुरू होकर 9 अगस्त को सुबह 11:04 बजे समाप्त होगी। उदयातिथि के आधार पर इस बार व्रत 9 अगस्त 2026, रविवार को रखा जाएगा। रायपुर के अनुसार, द्वादशी तिथि में व्रत पारण का समय 10 अगस्त को सुबह 5:40 बजे से 8:00 बजे तक रहेगा।
ऐसे करें भगवान विष्णु की पूजा:
व्रत के दिन सुबह स्नान कर स्वच्छ वस्त्र पहनें और भगवान विष्णु के सामने व्रत का संकल्प लें। इसके बाद पीले फूल, अक्षत, धूप, दीप, पंचामृत और तुलसी दल अर्पित करें। भगवान विष्णु की पूजा के साथ कामिका एकादशी की कथा सुनना या पढ़ना और आरती करना शुभ माना जाता है। शाम को तुलसी के पास घी का दीपक भी जलाया जा सकता है।
108 बार करें इस मंत्र का जाप:
कामिका एकादशी पर भगवान विष्णु के मंत्र का जाप करने की भी परंपरा है। श्रद्धालु अपनी आस्था के अनुसार 108 बार जाप कर सकते हैं: “श्रीकृष्ण गोविंद हरे मुरारे, हे नाथ नारायण वासुदेव।” धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, मंत्र जाप और भक्ति से मन में सकारात्मकता तथा आध्यात्मिक शांति का भाव बढ़ता है।
