राजनांदगांव। कभी खेल प्रतिभाओं के लिए पहचाने जाने वाले राजनांदगांव जिले में अब खेल सुविधाओं की कमी खिलाड़ियों के लिए बड़ी चुनौती बनती जा रही है। मैदानों की अनदेखी, रखरखाव की कमी और सीमित संसाधनों के कारण युवा खिलाड़ियों को अभ्यास के लिए भी संघर्ष करना पड़ रहा है। जिले में खेल प्रतिभाओं को बढ़ावा देने के लिए क्रीड़ा एवं युवा कल्याण विभाग की कई योजनाएं संचालित हैं, लेकिन खिलाड़ियों का आरोप है कि, इन योजनाओं की जानकारी और लाभ उन तक पूरी तरह नहीं पहुंच पा रहा है। खेल सामग्री, प्रशिक्षण, छात्रवृत्ति और बेहतर अधोसंरचना जैसी सुविधाओं की कमी के कारण कई प्रतिभाएं आगे नहीं बढ़ पा रही हैं।
ग्रामीण क्षेत्रों में स्थिति और भी गंभीर है, जहां न तो पर्याप्त खेल मैदान हैं और न ही नियमित प्रशिक्षण शिविर आयोजित होते हैं। वहीं शहर के प्रमुख मैदान भी बदहाल स्थिति में पहुंच चुके हैं। स्टेट स्कूल मैदान, म्युनिसिपल स्कूल मैदान सहित कई जगहों पर बारिश के दौरान जलभराव और खराब व्यवस्था के कारण खिलाड़ी परेशान हैं। हालांकि खेल विभाग का कहना है कि, खेल कैलेंडर के अनुसार प्रतियोगिताएं और गतिविधियां आयोजित की जाती हैं। अधिकारियों ने माना कि, स्टाफ की कमी के कारण कुछ परेशानियां आती हैं। अब खिलाड़ियों को उम्मीद है कि जिले में खेल सुविधाओं के सुधार के लिए जल्द ठोस कदम उठाए जाएंगे।
