मुंगेली। मुंगेली पुलिस ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक भोजराम पटेल (भा.पु.से.) के निर्देशन में चलाए जा रहे विशेष अभियान ‘ऑपरेशन बाज’ के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए खुड़िया जंगल में चल रहे जुए के अड्डे पर छापा मारा। इस कार्रवाई में 9 जुआरियों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया है और उनके पास से कुल लगभग 7 लाख 33 हजार 500 रुपये की संपत्ति जब्त की गई है। पुलिस के अनुसार, यह कार्रवाई 14 जून 2026 को साइबर सेल और चौकी खुड़िया पुलिस की संयुक्त टीम द्वारा की गई। सूचना मिली थी कि ग्राम झिरिया-महुआमाचा के जंगल क्षेत्र में कुछ लोग काटपत्ती नामक जुआ खेल रहे हैं और पैसों का हार-जीत का दांव लगाया जा रहा है। सूचना की पुष्टि के बाद टीम ने मौके पर दबिश दी।
छापेमारी के दौरान पुलिस ने मौके से 9 जुआरियों को गिरफ्तार किया, जो जिला मुंगेली सहित बिलासपुर और कबीरधाम जैसे जिलों से आए हुए थे। गिरफ्तार आरोपियों में दयाराम साहू, दिलीप दिवाकर, रमाकांत शर्मा, चंदरेश साहू, राजेन्द्र नवरंग, रामसिंह डहरिया, रामचंद्र साहू, सुशील ध्रुव और धर्मेन्द्र भास्कर शामिल हैं। पुलिस ने मौके से 53,500 रुपये नगद, 52 पत्ती ताश, 8 मोबाइल फोन और 9 मोटरसाइकिलें जब्त की हैं। जब्त सामग्री की कुल अनुमानित कीमत लगभग 7,33,500 रुपये आंकी गई है। पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ जुआ एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है।
इसके साथ ही आरोपियों के विरुद्ध पृथक से प्रतिबंधात्मक कार्रवाई भी की गई है। उन्हें धारा 170 बीएनएसएस के तहत गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया है। साथ ही धारा 126 और 135(3) बीएनएसएस के तहत बाउंड ओवर की कार्रवाई के लिए भी प्रक्रिया शुरू की गई है। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि ‘ऑपरेशन बाज’ के तहत जिले में अवैध गतिविधियों, जुआ, सट्टा और अन्य आपराधिक गतिविधियों के खिलाफ लगातार सख्त कार्रवाई की जा रही है। इस अभियान का उद्देश्य क्षेत्र में असामाजिक तत्वों पर नियंत्रण स्थापित करना और कानून व्यवस्था को मजबूत करना है।
इस कार्रवाई में साइबर सेल प्रभारी उपनिरीक्षक सतेन्द्रपुरी गोस्वामी, चौकी खुड़िया प्रभारी सउनि माधव टांडिया सहित पुलिस टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही। मुंगेली पुलिस ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में भी इस तरह की अवैध गतिविधियों के खिलाफ लगातार अभियान जारी रहेगा और किसी भी स्थिति में कानून तोड़ने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। स्थानीय स्तर पर इस कार्रवाई की सराहना की जा रही है और इसे अवैध जुआ कारोबार पर एक बड़ी सफलता माना जा रहा है।
