भिलाईनगर। दुर्ग पुलिस ने नकली सोने को असली बताकर लोगों से ठगी करने वाले अंतरजिला गिरोह का पर्दाफाश करते हुए पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपी जमीन में गड़ा खजाना और हंडे में मिले सोने की कहानी सुनाकर लोगों को झांसे में लेते थे और नकली धातु को असली सोना बताकर बेचने का प्रयास करते थे। सेक्टर-6 स्थित पुलिस कंट्रोल रूम में ग्रामीण एएसपी मणिशंकर चन्द्रा ने बताया कि बोरसी निवासी जितेंद्र साहू की शिकायत पर थाना उतई में भारतीय न्याय संहिता की धारा 318(4) और 3(5) के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई थी। जांच के दौरान सामने आया कि आरोपी लोगों को यह विश्वास दिलाते थे कि उन्हें जमीन में गड़ा हुआ हंडा मिला है, जिसमें सोने के बिस्किट और सिक्के हैं। इसके बाद वे नकली धातु को असली सोना बताकर कम कीमत में बेचने का लालच देते थे।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने विभिन्न जिलों में दबिश देकर आरोपियों की पहचान की और उन्हें गिरफ्तार किया। गिरफ्तार आरोपियों में दिनेश कुमार टंडन (50), निवासी गाड़ाडीह, थाना उतई, पन्नालाल कुर्रे (42), निवासी सीपत पिपरिया जिला कोरबा, गणेशराम गंधर्व (56), निवासी सहसपुर लोहारा जिला कबीरधाम, रामस्वरूप रौतेल (30), निवासी जगतपुर जिला डिंडोरी (मध्यप्रदेश) तथा भानुप्रताप डहरिया (40), निवासी तारा भाटापारा थाना पाटन शामिल हैं। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से करीब 1.242 किलोग्राम सोने जैसे दिखने वाले नकली धातु के बिस्किट, एक नकली सिक्का, वाहन, मोबाइल फोन और अन्य साक्ष्य सामग्री जब्त की है। प्रारंभिक जांच में बरामद धातु नकली पाई गई है, जिसका इस्तेमाल लोगों को ठगने के लिए किया जा रहा था।
पुलिस मामले की आगे जांच कर रही है और यह पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है कि गिरोह ने अब तक कितने लोगों को अपना शिकार बनाया है।
