धमतरी। जिले में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ चल रही पुलिस कार्रवाई के तहत गांजा बिक्री के एक पुराने मामले में बड़ा खुलासा हुआ है। अप्रैल माह में सामने आए इस प्रकरण में अब एक नगर सैनिक की संलिप्तता पाई गई है, जिसे पुलिस ने गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया है। पुलिस का कहना है कि नशे के नेटवर्क को पूरी तरह खत्म करने के लिए लगातार अभियान चलाया जा रहा है। यह मामला धमतरी जिले के मगरलोड थाना क्षेत्र से जुड़ा है, जहां 14 अप्रैल 2026 को एनडीपीएस एक्ट के तहत केस दर्ज किया गया था। उस समय ग्राम मोहेरा में पुलिस ने कार्रवाई करते हुए 1.660 किलोग्राम अवैध गांजा, नगद राशि और मोबाइल फोन सहित करीब 89 हजार 930 रुपये की संपत्ति जब्त की थी।
इस कार्रवाई के दौरान पति-पत्नी लाभाराम कुर्रे और सुशीला बाई कुर्रे को गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था। अब इस मामले की जांच में एक और नाम सामने आया है। पुलिस जांच में यह स्पष्ट हुआ कि इस अवैध गांजा तस्करी नेटवर्क में नगर सैनिक महेश सिन्हा की भी भूमिका थी। महेश सिन्हा ग्राम पाहन्दा का निवासी है और नगर सैनिक के पद पर कार्यरत था। जांच में उसकी संलिप्तता सामने आने के बाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आरोपी से पूछताछ और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर यह पुष्टि हुई कि वह इस अवैध कारोबार से जुड़ा हुआ था। इसके बाद उसे विधिवत गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। धमतरी पुलिस ने बताया कि जिले में नशे के अवैध कारोबार के खिलाफ सख्त अभियान चलाया जा रहा है।
इस पूरे नेटवर्क को खत्म करने के लिए लगातार कार्रवाई की जा रही है और जो भी व्यक्ति इसमें शामिल पाया जाएगा, उसके खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। इस मामले में पहले गिरफ्तार पति-पत्नी से पूछताछ के दौरान कई अहम जानकारियां सामने आई थीं, जिसके आधार पर जांच आगे बढ़ाई गई। जांच के दौरान ही नगर सैनिक की भूमिका उजागर हुई, जिससे यह साफ हुआ कि यह मामला केवल छोटे स्तर की तस्करी नहीं बल्कि एक नेटवर्क आधारित गतिविधि थी। पुलिस अब इस पूरे नेटवर्क के अन्य संभावित सदस्यों की भी जांच कर रही है।
अधिकारियों का कहना है कि आरोपी के मोबाइल डेटा, कॉल डिटेल और अन्य डिजिटल साक्ष्यों की भी जांच की जा रही है ताकि पूरे गिरोह की कड़ियों को जोड़ा जा सके। धमतरी पुलिस ने स्पष्ट किया है कि नशे के कारोबार में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा, चाहे वह किसी भी पद या पहचान से जुड़ा हो। इस कार्रवाई के बाद इलाके में पुलिस की सख्ती और बढ़ा दी गई है।
