- शाह बोले- असम-बंगाल में अब असंभव होगी घुसपैठ
नई दिल्ली। पश्चिम बंगाल में भाजपा को मिले प्रंचड बहुमत के बाद शुक्रवार को शुभेंदु अधिकारी पार्टी के विधायक दल के नेता चुने गए। वह राज्य के अगले मुख्यमंत्री होंगे। गृह मंत्री अमित शाह ने उनके नाम का ऐलान किया। इस महत्वपूर्ण बैठक में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह केंद्रीय पर्यवेक्षक के रूप में मौजूद रहे। बैठक के दौरान भाजपा प्रदेश अध्यक्ष समिक भट्टाचार्य ने शुभेंदु अधिकारी के नाम का प्रस्ताव रखा। इसके बाद उपस्थित सभी भाजपा विधायकों से सहमति ली गई, जिसके बाद उनके नाम पर अमित शाह ने औपचारिक मुहर लगाई। अमित शाह ने बैठक के बाद कहा हाल ही में चुनाव प्रक्रिया पूरी हुई है और लगभग आठ प्रस्ताव और समर्थन प्राप्त हुए। ये सभी एक ही नाम के लिए थे। दूसरे नाम के लिए भी सभी को समय दिया गया, लेकिन दूसरा नाम सामने नहीं आया। इसलिए केंद्रीय पर्यवेक्षक के रूप में मैं शुभेंदु अधिकारी को पश्चिम बंगाल विधान मंडल दल के नेता के रूप में निर्वाचित घोषित करता हूं।
नाम के एलान के बाद विधायक दल को संबोधित करते हुए अमित शाह ने कहा, इतना बड़ा विधायक दल देखकर मन, आत्मा, शरीर, सबके अंदर खुशी की लहर उठती है। मैं दोनों हाथ जोडक़र जिम्मेदारी के साथ बंगाल की जनता को कोटि-कोटि धन्यवाद देना चाहता हूं। बंगाल की जनता ने जो अपेक्षाएं रखी हैं, हम पूरी कोशिश करेंगे कि आपके भरोसे को थोड़ा भी ठेस न पहुंचे। अमित शाह ने कहा हम सब भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं का दायित्व है, हम जनता की आकांक्षाओं को पूरा करें।
अमित शाह ने आगे कहा, त्रिपुरा में हमारी सरकार है, असम में भाजपा सरकार है अब बंगाल में भी भाजपा की सरकार है। अब घुसपैठ असंभव होने वाली है, गौ तस्करी असंभव होने वाली है। दृढ़ता के साथ बंगाल सरकार और भारत सरकार इस क्षेत्र को सुरक्षा के अभेद्य किले के रूप में परिवर्तित करेगी।
ममता पर शाह का तंज
अमित शाह ने ममता बनर्जी पर निशाना साधते हुए कहा, भवानीपुर की जनता का भी बहुत बहुत धन्यवाद। शुभेंदु ने पिछले चुनाव में नंदीग्राम में हराया था। दीदी इस बार तो सुवेंदु दा ने आपको आपके घर में हराया है। भवानीपुर की जनता का दिल से धन्यवाद। इस जीत का महत्व पार्टी के विस्तार तक सीमित नहीं है। इसका महत्व भाजपा-एनडीए का 21वां राज्य हुआ तक सीमित नहीं है।
23 में से 9 जिलों में ञ्जरूष्ट का खाता नहीं खुला- अमित शाह
अमित शाह ने कहा चुनाव परिणामों में राज्य के 23 प्रशासनिक जिलों में से नौ जिले ऐसे हैं, जहां दीदी का खाता नहीं खुला। सूपड़ा साफ हो गया। ऐसा जनादेश कभी नहीं देखा। उन्होंने आगे कहा कि त्रिपुरा में हमारी सरकार है, असम में भाजपा सरकार है अब बंगाल में भी भाजपा की सरकार है। अब घुसपैठ असंभव होने वाली है। गो तस्करी असंभव होने वाली है। दृढ़ता के साथ बंगाल सरकार और भारत सरकार सीमा को राष्ट्र की सुरक्षा के अभेद्य किले के रूप में परिवर्तित करेगी।
शाह ने बताया अगली सरकार का एजेंडा
अमित शाह ने कहा केंद्र सरकार की ओर से ‘सोनार बांग्ला’ का सपना लंबे समय से देखा जा रहा है और इसके लिए भारत सरकार लगातार पश्चिम बंगाल के विकास में कई प्रयास करती रही है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया गया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की बढ़ती लोकप्रियता को देखते हुए राज्य सरकार ने कई विकास कार्यों में रुकावटें डाली। उन्होंने आगे कहा कि अब स्थिति बदल चुकी है, अब ऊपर भी ऊपर भी भाजपा है, नीचे भी भाजपा हैं। शाह ने कहा कि भाजपा के शासन में न तो प्रशासन का राजनीतीकरण होगा, न राजनीति का अपराधीकरण होगा। यह मैं बंगाल की जनता को विश्वास दिलाता हूं। कला, साहित्य, संस्कृति और शिक्षा में बंगाल पूरे देश का नेतृत्व करे। रंगमंच के लिए यहां एक प्रशिक्षण केंद्र बनाएंगे।
बंगाल के नए मुख्यमंत्री होंगे शुभेंदु अधिकारी; भाजपा विधायक दल की बैठक में लगी मुहर
कैबिनेट गठन पर भी होगी चर्चा
सूत्रों के मुताबिक, विधायक दल की बैठक से पहले अमित शाह पार्टी के वरिष्ठ नेताओं के साथ सरकार गठन के हर पहलू पर चर्चा करेंगे। इसमें नए मंत्रिमंडल की संरचना, प्रमुख विभागों का बंटवारा और सरकार की प्राथमिकताओं पर मंथन किया जाएगा। भाजपा ने पश्चिम बंगाल के लिए अमित शाह को केंद्रीय पर्यवेक्षक नियुक्त किया है, जबकि ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी को सह-पर्यवेक्षक बनाया गया है।
कोलकाता का ब्रिगेड ग्राउंड तैयार- शपथ समारोह होगा खास
कोलकाता के ऐतिहासिक ब्रिगेड परेड ग्राउंड में शनिवार को होने वाले शपथ ग्रहण समारोह की तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच गई हैं। पश्चिम बंगाल में पहली बार भाजपा सरकार के गठन को लेकर पार्टी इसे बड़े सांस्कृतिक और राजनीतिक आयोजन के रूप में पेश करने की तैयारी में है। समारोह में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह समेत कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहेंगे। समारोह में 50 हजार से अधिक लोगों के शामिल होने की उम्मीद है। मुख्य मंच को तीन हिस्सों में बांटा जाएगा। पहले हिस्से में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, अन्य केंद्रीय मंत्री और विभिन्न राज्यों के मुख्यमंत्री बैठेंगे। दूसरे हिस्से में राज्यपाल आरएन रवि मौजूद रहेंगे, जो नए मुख्यमंत्री और मंत्रियों को शपथ दिलाएंगे। तीसरे हिस्से में मुख्यमंत्री पद के शपथ ग्रहण करने वाले नेता और नए मंत्रिमंडल के सदस्य बैठेंगे।
