रायपुर। जिले के विकासखण्ड धरसींवा अंतर्गत ग्राम पंचायत सोन्ड्रा की निवासी रम्भा निषाद का जीवन अब पहले से कहीं अधिक सुरक्षित और सुकूनभरा हो गया है। गरीबी रेखा के नीचे जीवन यापन करने वाले निषाद के परिवार के पास पहले रहने के लिए मात्र एक कमरे का जर्जर कच्चा मकान था। बरसात के दिनों में छत से पानी टपकने के कारण उन्हें अनेक कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था।
प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के प्रचार-प्रसार से निषाद को जानकारी प्राप्त हुई कि प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत आवास मिलने का प्रावधान है। इसके बाद उन्होंने ग्राम पंचायत कार्यालय में संपर्क किया, जहां सचिव द्वारा बताया गया कि उनका नाम प्रतीक्षा सूची में होने के कारण उनका आवास स्वीकृत कर दिया गया है। समस्त दस्तावेज प्रस्तुत करने के बाद उनके नाम पर आवास स्वीकृत हुआ, इसके पश्चात रोजगार सहायक द्वारा उनके मकान का जियो-टैगिंग कार्य पूर्ण किया गया, एवं पक्का घर बनाने हेतु सहायता राशि भी दी गई। शासन द्वारा प्रदान की गई वित्तीय सहायता, मनरेगा के अंतर्गत मजदूरी एवं अन्य योजनाओं के सहयोग से उनका पक्का मकान तैयार हुआ।
