रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में अवैध डीजल-पेट्रोल के काले कारोबार के खिलाफ पुलिस ने एक बड़ी सर्जिकल स्ट्राइक की है। रायपुर पुलिस कमिश्नरेट के विशेष अभियान के तहत थाना कबीर नगर पुलिस ने मुस्तैदी दिखाते हुए ईंधन चोरी और उसकी अवैध रीसेलिंग करने वाले एक बड़े गिरोह का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने मौके से भारी मात्रा में ज्वलनशील पदार्थ, एक टैंकर, नगदी और उपकरण जप्त किए हैं, जिनकी कुल कीमत करीब 35.45 लाख रुपये आंकी गई है। इस मामले में पुलिस ने मौके से ही चार शातिर आरोपियों को गिरफ्तार किया है।
पुलिस को मुखबिर से पुख्ता सूचना मिली थी कि कबीर नगर थाना क्षेत्र के अंतर्गत कान्हा ढाबा के पीछे, ई.पी. रोलिंग मिल के पास बड़े पैमाने पर पेट्रोल और डीजल की ‘कटिंग’ (टैंकरों से अवैध रूप से ईंधन निकालना) और असुरक्षित भंडारण किया जा रहा है। सूचना मिलते ही वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में पुलिस की एक विशेष टीम ने बताए गए ठिकाने पर अचानक दबिश दी। वहां का नजारा बेहद खतरनाक था; आरोपी बिना किसी वैध लाइसेंस, सुरक्षा मानकों और दस्तावेजों के रिहायशी इलाके के पास इस ज्वलनशील खेल को अंजाम दे रहे थे। पुलिस ने घेराबंदी कर मौके से ओमप्रकाश साव उर्फ कालिया, उमेश साव, रामजी यादव और धर्मेंद्र साव को दबोच लिया।

छापेमारी में जप्त किया गया सामान:
पेट्रोल: 8 ड्रमों में भरा कुल 1,600 लीटर ईंधन
डीजल: 3 ड्रमों में 500 लीटर और एक बड़े टैंकर में भरा 12,000 लीटर ईंधन
नगदी: मौके से मिले 1.30 लाख रुपये कैश
अन्य सामान: ईंधन चोरी में इस्तेमाल होने वाला मोटर पंप, कीप (चाड़ी) और खाली कटिंग ड्रम
पुलिस ने चारों आरोपियों के खिलाफ आवश्यक वस्तु अधिनियम (Essential Commodities Act) और अन्य प्रासंगिक धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जेल भेज दिया है। कबीर नगर पुलिस अब इस बात की कड़ाई से जांच कर रही है कि यह ईंधन किस सरकारी या निजी डिपो से चुराया जा रहा था और इसे आगे कहां खपाया जाना था, ताकि इस पूरे सिंडिकेट की कड़ियों को जोड़ा जा सके।
