रामानुजगंज । बलरामपुर जिले के आरागाही-ताम्बेश्वरनगर खेल मैदान में स्व. सूर्यप्रकाश नेताम स्मृति एवं दीन-हीन सेवा समिति के तत्वावधान में आयोजित विधानसभा स्तरीय फुटबॉल प्रतियोगिता 2026 का भव्य समापन हुआ। प्रतियोगिता में बलरामपुर और रामचंद्रपुर विकासखंड की 120 टीमों ने हिस्सा लिया। फाइनल मुकाबले में डौरा सुपर किंग ने बगरा-महावीरगंज को हराकर खिताब अपने नाम किया। समापन समारोह में छत्तीसगढ़ के उपमुख्यमंत्री एवं खेल एवं युवा कल्याण मंत्री अरुण साव ने खेल मैदान के विकास के लिए 3 करोड़ रुपये देने की घोषणा की। इसके साथ ही बलरामपुर में 6 करोड़ और रामानुजगंज में 5 करोड़ रुपये के विकास कार्यों की घोषणा की गई।समापन समारोह में कृषि मंत्री एवं प्रतियोगिता के संरक्षक रामविचार नेताम ने अध्यक्षता की, जबकि सरगुजा सांसद चिंतामणि महाराज विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुए। आयोजन में बड़ी संख्या में खेलप्रेमी मौजूद रहे। अतिथियों ने खिलाडिय़ों से मुलाकात कर उनका उत्साहवर्धन किया।
डौरा सुपर किंग बनी विजेता
प्रतियोगिता के फाइनल में डौरा सुपर किंग ने शानदार प्रदर्शन करते हुए विजेता का खिताब हासिल किया। विजेता टीम को 51 हजार रुपये नकद और कप प्रदान किया गया, जबकि उपविजेता बगरा-महावीरगंज को 31 हजार रुपये और कप से सम्मानित किया गया। तीसरे स्थान पर रही बलरामपुर किंग्स को 15 हजार रुपये तथा चौथे स्थान पर रही बलरामपुर बवंडर को 11 हजार रुपये और कप प्रदान किया गया।महिला वर्ग में भी चार टीमों ने हिस्सा लिया। फाइनल मुकाबला धनवार मिशन और तेतरडीह के बीच हुआ। महिला वर्ग की विजेता टीम को 25 हजार रुपये और उपविजेता टीम को 15 हजार रुपये का पुरस्कार दिया गया।
खेल मैदान और नगरीय क्षेत्रों के विकास के लिए घोषणाएं
उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने आरागाही-ताम्बेश्वरनगर खेल मैदान के विकास के लिए 3 करोड़ रुपये देने की घोषणा की। उन्होंने नगरीय निकाय क्षेत्रों में विकास कार्यों के लिए बलरामपुर को 6 करोड़ और रामानुजगंज को 5 करोड़ रुपये देने की भी घोषणा की।उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के गांवों में खेल प्रतिभाओं की कमी नहीं है। राज्य सरकार खिलाडिय़ों को उचित मंच, बेहतर सुविधाएं और प्रोत्साहन देने के लिए प्रतिबद्ध है। सरगुजा ओलंपिक जैसे आयोजन ग्रामीण क्षेत्रों की खेल प्रतिभाओं को आगे बढऩे का अवसर देते हैं। उन्होंने कहा कि बलरामपुर और रामानुजगंज में इंडोर स्टेडियम तथा सनावल और डिण्डो में क्रिकेट स्टेडियम की स्वीकृति से क्षेत्र में खेल अधोसंरचना को मजबूती मिलेगी। उन्होंने खिलाडिय़ों से हार-जीत से ऊपर उठकर खेल भावना, अनुशासन और आपसी सहयोग के साथ आगे बढऩे का आह्वान किया।
फुटबॉल इस अंचल की धड़कन : रामविचार नेताम
कृषि मंत्री रामविचार नेताम ने स्वर्गीय सूर्यप्रकाश नेताम को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि उनकी स्मृति में आयोजित यह प्रतियोगिता क्षेत्र की खेल परंपरा का महत्वपूर्ण हिस्सा बन चुकी है। उन्होंने कहा कि फुटबॉल इस अंचल की धड़कन है। प्रतियोगिता में 120 टीमों की भागीदारी और महिला खिलाडिय़ों की मौजूदगी ग्रामीण क्षेत्रों में खेलों के प्रति बढ़ते उत्साह को दर्शाती है।उन्होंने कहा कि इस तरह के आयोजन युवाओं में अनुशासन, टीम भावना और नेतृत्व क्षमता विकसित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। ग्रामीण प्रतिभाओं को आगे बढऩे के लिए ऐसे मंच उपलब्ध कराना जरूरी है।
15 सितंबर से शुरू हुई थी प्रतियोगिता
आयोजन समन्वयक बलवंत सिंह तथा सहसंयोजक भानू दीक्षित और मुंशी राम ने बताया कि प्रतियोगिता की शुरुआत 15 सितंबर को हुई थी। इसमें बलरामपुर और रामचंद्रपुर विकासखंड के 120 गांवों की टीमों ने भाग लिया, जिनमें चार महिला टीमें भी शामिल थीं। प्रतियोगिता पांच मंडलों में आयोजित की गई और प्रत्येक मंडल से दो-दो टीमों ने विधानसभा स्तरीय मुकाबलों में जगह बनाई।आयोजकों के अनुसार, क्षेत्र में पहली बार इतने बड़े स्तर पर फुटबॉल प्रतियोगिता आयोजित की गई। आयोजन ने ग्रामीण खिलाडिय़ों को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर देने के साथ खेलप्रेमियों को भी आकर्षित किया।
स्व. सूर्यप्रकाश नेताम की स्मृति में भावुक हुआ समारोह
समापन समारोह के दौरान स्वर्गीय सूर्यप्रकाश नेताम का स्मरण किए जाने पर माहौल भावुक हो गया। उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने अपने संबोधन में रामविचार नेताम के पुत्र स्वर्गीय सूर्यप्रकाश नेताम का उल्लेख किया। इस दौरान रामविचार नेताम और उनकी पत्नी पुष्पा नेताम की आंखें नम हो गईं। उनकी स्मृति में आयोजित प्रतियोगिता के समापन पर मौजूद लोगों ने भी इस भावुक क्षण को महसूस किया।प्रतियोगिता के सफल आयोजन से क्षेत्र के युवा खिलाडिय़ों को प्रोत्साहन मिला है। वहीं, खेल मैदान के विकास के लिए घोषित 3 करोड़ रुपये से भविष्य में खेल सुविधाओं के विस्तार की उम्मीद बढ़ी है
