कांग्रेस में थरूर के बयान पर विवाद वेणुगोपाल ने साधा निशाना

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नई दिल्ली। कांग्रेस महासचिव केसी वेणुगोपाल ने पार्टी नेताओं को सार्वजनिक बयान देते समय सावधानी बरतने की सलाह दी है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेताओं को ऐसी टिप्पणियों से बचना चाहिए, जिनसे भारतीय जनता पार्टी को राजनीतिक रूप से फायदा मिले या वह खुश हो। वेणुगोपाल की यह टिप्पणी कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और तिरुवनंतपुरम से सांसद शशि थरूर के कथित बयान को लेकर सामने आई है। थरूर के बयान में राहुल गांधी के हालिया ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम और भाजपा के विरोध प्रदर्शन की तुलना किए जाने की बात कही जा रही है।

शिवकुमार वेणुगोपाल ने कहा कि उन्होंने थरूर का बयान कुछ मीडिया चैनलों पर देखा है, लेकिन वह खुद पूरी तरह से यह नहीं सुन पाए कि थरूर ने वास्तव में क्या कहा था। उन्होंने कहा कि थरूर की टिप्पणी को लेकर उनसे ही सीधे सवाल किया जाना चाहिए। हालांकि, इसके साथ ही उन्होंने कांग्रेस के सभी नेताओं को सार्वजनिक मंचों और मीडिया से बातचीत के दौरान अपने शब्दों को लेकर सतर्क रहने की सलाह दी। कांग्रेस महासचिव ने कहा कि पार्टी के नेताओं को ऐसे बयान देने से बचना चाहिए, जिनका इस्तेमाल भाजपा कांग्रेस या राहुल गांधी के खिलाफ राजनीतिक तौर पर कर सके।

उन्होंने कहा कि अगर कोई राहुल गांधी की कमियां गिनाता है या उनके खिलाफ नकारात्मक बातें करता है, तो इससे भाजपा को स्वाभाविक तौर पर राजनीतिक लाभ मिलता है। वेणुगोपाल ने यह भी स्पष्ट किया कि उन्हें नहीं लगता कि शशि थरूर ने जानबूझकर राहुल गांधी या कांग्रेस के खिलाफ ऐसी टिप्पणी की होगी।

उन्होंने कहा कि कांग्रेस नेताओं को यह ध्यान रखना चाहिए कि अनजाने में भी ऐसी कोई बात नहीं कही जाए, जिससे पार्टी को नुकसान हो। वेणुगोपाल के मुताबिक, थरूर की ओर से ऐसी टिप्पणी जानबूझकर किए जाने की संभावना उन्हें नहीं लगती। उन्होंने कहा कि पार्टी के सभी नेताओं की जिम्मेदारी है कि वे सार्वजनिक बयान देते समय राजनीतिक परिस्थितियों और उसके संभावित असर को ध्यान में रखें। वेणुगोपाल ने इसी दौरान प्रयागराज में राहुल गांधी के ‘छात्रों की गूंज’ कार्यक्रम का भी जिक्र किया। उन्होंने दावा किया कि इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में युवा और छात्र शामिल हुए और इसे भारत की ‘जेन जी’ पीढ़ी की भागीदारी के तौर पर पेश किया। उनके अनुसार, कार्यक्रम में शामिल होने वाले युवा केवल कांग्रेस कार्यकर्ता, युवा कांग्रेस या एनएसयूआई से जुड़े लोग नहीं थे, बल्कि बड़ी संख्या में छात्र भी इसमें पहुंचे थे।

कांग्रेस महासचिव ने उत्तर प्रदेश की योगी आदित्यनाथ सरकार और केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार पर कार्यक्रम में कथित तौर पर बाधा डालने की कोशिश करने का आरोप लगाया। उन्होंने दावा किया कि कार्यक्रम स्थल तक पहुंचने वाले रास्ते पर गंदगी और इंसानी मल फैलाए जाने जैसी स्थिति पैदा की गई। वेणुगोपाल ने आरोप लगाया कि कॉलेज प्रबंधन पर भी कथित तौर पर दबाव बनाया गया था, जिसके कारण कार्यक्रम आयोजित करने की अनुमति देने को लेकर शुरुआती स्तर पर परेशानी आई।

उन्होंने कहा कि बाद में कार्यक्रम की अनुमति मिलने के बावजूद कार्यक्रम स्थल तक पहुंचने वाले रास्ते में कथित तौर पर गंदगी फैलाई गई। वेणुगोपाल ने इन आरोपों के जरिए यह बताने की कोशिश की कि राहुल गांधी के कार्यक्रम को रोकने या प्रभावित करने के लिए कई स्तरों पर प्रयास किए गए। वेणुगोपाल ने कहा कि इसके बावजूद प्रयागराज में बड़ी संख्या में छात्र कार्यक्रम में पहुंचे। उन्होंने दावा किया कि ये युवा किसी राजनीतिक संगठन के नियमित कार्यकर्ता नहीं थे, बल्कि भारत की नई पीढ़ी का प्रतिनिधित्व करते हैं।

उनके मुताबिक, राहुल गांधी लगातार छात्रों और युवाओं से जुड़े मुद्दों को उठाते रहे हैं और उन छात्रों की आवाज सामने लाने की कोशिश कर रहे हैं, जिन्हें कथित विरोध प्रदर्शनों के दौरान पुलिस कार्रवाई का सामना करना पड़ा। इस पूरे घटनाक्रम के बीच शशि थरूर की कथित टिप्पणी को लेकर कांग्रेस के भीतर राजनीतिक चर्चा तेज हो गई है। वेणुगोपाल के बयान से यह संकेत मिला है कि पार्टी नेतृत्व सार्वजनिक मंचों पर नेताओं की टिप्पणियों को लेकर सतर्कता बरतने के पक्ष में है। हालांकि, वेणुगोपाल ने थरूर पर सीधे तौर पर अनुशासनहीनता का आरोप लगाने से परहेज किया और कहा कि उन्हें नहीं लगता कि उन्होंने जानबूझकर पार्टी या राहुल गांधी को नुकसान पहुंचाने वाली टिप्पणी की होगी।

कांग्रेस महासचिव की सलाह ऐसे समय में आई है जब पार्टी विपक्ष की राजनीति में राहुल गांधी की भूमिका को लगातार प्रमुखता दे रही है। ऐसे में नेताओं के बयानों को लेकर पार्टी के भीतर भी सावधानी बरतने पर जोर दिया जा रहा है। वेणुगोपाल ने साफ किया कि व्यक्तिगत टिप्पणियों से ज्यादा महत्वपूर्ण पार्टी की राजनीतिक रणनीति और संदेश है और नेताओं को सार्वजनिक बातचीत में इसका ध्यान रखना चाहिए।