कोलकाता। पश्चिम बंगाल भाजपा के अध्यक्ष समिक भट्टाचार्य ने राज्य में कानून-व्यवस्था, जबरन वसूली (Extortion) और राजनीतिक हस्तक्षेप को लेकर बड़ा बयान दिया है। उन्होंने स्वीकार किया कि भाजपा सरकार बनने के बाद भी राज्य से जबरन वसूली की समस्या पूरी तरह खत्म नहीं हो सकी है। साथ ही उन्होंने यह भी माना कि उनकी पार्टी के कुछ सदस्य भी ऐसी गतिविधियों में शामिल पाए गए हैं।
सिर्फ दो महीने में सभी समस्याएं खत्म नहीं हो सकतीं’
IIT खड़गपुर रिसर्च पार्क में आयोजित उद्यमी समागम कार्यक्रम को संबोधित करते हुए समिक भट्टाचार्य ने कहा कि भाजपा सरकार को सत्ता संभाले अभी केवल दो महीने हुए हैं। ऐसे में राज्य की सभी समस्याओं का तत्काल समाधान संभव नहीं है।
उन्होंने कहा, “हमारी सरकार को सत्ता में आए अभी दो महीने ही हुए हैं। हम सभी समस्याओं का समाधान नहीं कर पाए हैं।” उन्होंने माना कि जबरन वसूली की घटनाओं को पूरी तरह रोकने में सरकार अभी सफल नहीं हुई है।
भाजपा के कुछ नेताओं पर भी उठाए सवाल
भट्टाचार्य ने स्वीकार किया कि भाजपा के कुछ सदस्य राजनीतिक लाभ के लिए विभिन्न क्षेत्रों में दखल देने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि कुछ लोग सत्ता परिवर्तन के कुछ ही घंटों में पार्टी बदलकर सत्ताधारी दल में शामिल हो गए, जबकि कई अन्य लोगों की राजनीतिक महत्वाकांक्षाएं अब खुलकर सामने आ रही हैं। उन्होंने भरोसा जताया कि राज्य सरकार और मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ऐसी प्रवृत्तियों पर रोक लगाने के लिए लगातार प्रयास कर रहे हैं और जल्द सकारात्मक परिणाम देखने को मिलेंगे।
उद्योग और निवेश के लिए दिया बड़ा संदेश
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने पश्चिम बंगाल में बेहतर औद्योगिक माहौल बनाने पर भी जोर दिया। उन्होंने कहा कि व्यापार और निवेश को राजनीतिक पक्षपात से मुक्त रखना जरूरी है ताकि उद्यमियों का भरोसा बढ़ सके।
उन्होंने कहा, “हमें इस व्यवस्था से पक्षपातपूर्ण राजनीति को दूर रखना होगा। हम अभी पूरी तरह भयमुक्त वातावरण नहीं दे पाए हैं, लेकिन निवेशकों के लिए पहले की तुलना में अधिक सुरक्षित माहौल बनाने की दिशा में काम कर रहे हैं।”
पार्टी कार्यकर्ताओं को दी सख्त चेतावनी
हाल के दिनों में विपक्षी नेताओं पर अंडे फेंके जाने जैसी घटनाओं का उल्लेख करते हुए भट्टाचार्य ने पार्टी कार्यकर्ताओं को राजनीतिक अतिवाद से बचने की नसीहत दी। उन्होंने कहा कि इस तरह की घटनाएं भविष्य में उलटी भी पड़ सकती हैं। उन्होंने हाल ही में पार्टी से जुड़े नए नेताओं और कार्यकर्ताओं से संयम बरतने तथा संगठन की छवि को नुकसान पहुंचाने वाली गतिविधियों से दूर रहने की अपील की।
