इस्लामाबाद। पाकिस्तान पर तालिबान के हमले के बाद अब खुली जंग का एलान हो चुका है। पाकिस्तान की तरफ से काबुल और कंधार पर बमबारी की गई। पाकिस्तान ने ऑपरेशन ‘गजब-लिल-हक’ में 133 की मौत का दावा किया है। वहीं अफगानिस्तान ने भी जवाबी कार्रवाई शुरू कर दी है। अफगान सैनिकों ने सीमा पर हमले तेज कर दिए हैं। दरअसल रूस ने की हमले रोकने की अपील पाकिस्तान-अफगानिस्तान सीमा विवाद पर रूस ने दोनों देशों से सीमा पार हमले तुरंत रोकने की अपील की है। रूसी विदेश मंत्रालय के हवाले से RIA न्यूज एजेंसी ने बताया कि रूस ने कहा है कि पाकिस्तान और अफगानिस्तान अपने मतभेदों को कूटनीति के जरिए सुलझाएं। वहीं पाकिस्तान-अफगानिस्तान तोरखम बॉर्डर पर फिर हिंसक झड़प पाकिस्तान-अफगानिस्तान के तोरखम बॉर्डर पर दोनों देशों के बीच एक बार फिर हिंसक झड़प शुरू हो गई है। न्यूज एजेंसी एएफपी के पत्रकारों ने जानकारी दी है कि शुक्रवार सुबह से सीमा पर गोलीबारी और गोलाबारी हो रही है। रिपोर्ट के मुताबिक, पहले अफगान की तरफ से गोलाबारी की गई, जिसके बाद दोनों तरफ से फायरिंग होने लगी।
अफगानिस्तान-पाकिस्तान बॉर्डर पर जंग, भीषण गोलीबारी जारी अफगानिस्तान-पाकिस्तान के तोरखम बॉर्डर पर दोनों देशों के बीच भीषण गोलीबारी और गोलाबारी जारी है। न्यूज एजेंसी एएफपी के पत्रकारों ने बताया कि शुक्रवार सुबह से ही सीमा पर अफगानिस्तान की तरफ से गोलाबारी की आवाजें सुनी गईं, जिसके बाद झड़पें फिर से शुरू हो गईं। इस लड़ाई में सीमा के पास बने ओमारी कैंप को भी निशाना बनाया गया, जिससे लोग अपनी जान बचाने के लिए भागने लगे। एक चश्मदीद के मुताबिक, हमले में कई बच्चे और महिलाएं घायल हुई हैं। ईरान ने की मध्यस्थता की पेशकश पाकिस्तान-अफगानिस्तान के बढ़ते तनाव के बीच ईरान ने इस्लामाबाद और काबुल के बीच बातचीत को सुविधाजनक बनाने में मदद की पेशकश की है। एक्स पर एक पोस्ट में ईरानी विदेश मंत्री सैयद अब्बास अराघची ने कहा, ‘रमजान के पवित्र महीने में, जो आत्मसंयम और एकजुटता को मजबूत करने का महीना है, यह उचित है कि अफगानिस्तान और पाकिस्तान अच्छे पड़ोसी संबंधों के ढांचे के भीतर और संवाद के मार्ग के माध्यम से अपने मौजूदा मतभेदों का प्रबंधन और समाधान करें।”
अराघची ने आगे कहा,’इस्लामिक गणराज्य ईरान दोनों देशों के बीच संवाद को सुगम बनाने और समझ और सहयोग को मजबूत करने में किसी भी प्रकार की सहायता प्रदान करने के लिए तैयार है।’ पिछले साल कतर ने दोनों पड़ोसी देशों के बीच युद्धविराम कराने में मध्यस्थता की थी, और सीमा पर छिटपुट उल्लंघन की घटनाओं के बावजूद यह व्यवस्था काफी हद तक कायम रही। पाकिस्तान ने निशाना बनाए गए ठिकानों की सूची जारी की अल जजीरा की रिपोर्ट के अनुसार इस्लामाबाद के सरकारी प्रसारक पाकिस्तान टीवी ने दावा किया है कि हालिया हमलों में तालिबान के कई ठिकाने ‘नष्ट’ कर दिए गए हैं। साथ ही सूची भी जारी की है। हालांकि इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं की गई है। वली खान सेक्टर में तालिबान की एक चौकी पर हमले की खबर।शावल सेक्टर के पास पक्तिका में एक अन्य चौकी को निशाना बनाया।बाजौर क्षेत्र में तालिबान के ठिकानों को भी नष्ट करने का दावा।अंगूर अड्डा में स्थित चौकियों को प्रभावित स्थानों की सूची में शामिल।
पाकिस्तानी जेट विमानों की गश्त पाकिस्तान की मीडिया के अनुसार तालिबान के ठिकानों पर हवाई हमलों के बाद पाकिस्तानी वायु सेना के जेट विमान अफगानिस्तान के कंधार के आसमान में गश्त कर रहे हैं। पाकिस्तान के डॉन अखबार ने सरकारी प्रसारक पीटीवी न्यूज के हवाले से बताया कि हमले किए जाने के बाद हवाई गश्त शुरू हुई। वहीं घायलों का अस्पताल में इलाज पाकिस्तान के काबुल में हवाई हमलों के बाद घायल नागरिकों को अस्पताल में भर्ती कराते हुए एक वीडियो सामने आया है। समाचार एजेंसी पीटीआई ने एक्स पर वीडियो साझा किया है। पाकिस्तानी फाइटर जेट गिराने का दावा अफगानिस्तान में एक पाकिस्तानी फाइटर जेट को मार गिराए जाने का दावा किया है। अफगानिस्तान की टोलो न्यूज ने दावा किया कि तालिबान सेना ने पाकिस्तान के एक लड़ाकू विमान को मार गिराया है। हालांकि यह साफ नहीं किया गया कि यह कौन सा विमान था।
पाकिस्तान ने काबुल और कंधार सहित अफगानिस्तान के प्रमुख शहरों पर हवाई हमले किए, जिससे तालिबान सरकार की ओर से नई जवाबी कार्रवाई शुरू हो गई। अफगान सेना ने पाकिस्तानी सैनिकों पर सीमा पार हमले किए, जिन्हें उन्होंने पहले हुए घातक हवाई हमलों की जबावी कार्रवाई बताई। काबुल ने दावा किया कि डूरंड लाइन के साथ चार घंटे के अभियान में 55 पाकिस्तानी सैनिक मारे गए। दावा किया कि दो बेस और 19 चौकियों पर कब्जा कर लिया गया। तालिबान सरकार ने यह भी कहा कि नंगरहार में एक शरणार्थी शिविर पर मिसाइल हमले में आठ अफगान लड़ाके मारे गए और 11 घायल हो गए। आरोप लगाया कि 13 नागरिक घायल हुए। पाकिस्तान ने इन आंकड़ों पर आपत्ति जताई सूचना मंत्री अत्ताउल्लाह तरार ने कथित तौर पर कहा कि केवल दो पाकिस्तानी सैनिक मारे गए और तीन घायल हुए। पीटीआई की रिपोर्ट के अनुसार इस्लामाबाद ने दावा किया है कि कम से कम 133 अफगान लड़ाके मारे गए और 200 से अधिक घायल हुए, और कहा कि 27 अफगान चौकियों को नष्ट कर दिया गया और नौ पर कब्जा कर लिया गया। पाकिस्तान ने ऑपरेशन गजब-लिल-हक शुरू किया, जिसे उसने सीमा चौकियों पर तालिबान के कथित हमलों के बाद जवाबी कार्रवाई बताया। रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ ने खुली जंग की घोषणा करते हुए कहा कि हमारे धैर्य की सीमा समाप्त हो गई है। अब हमारे और आपके बीच खुला युद्ध है। प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने कहा कि पाकिस्तान की सेनाओं में किसी भी आक्रामक मंसूबों को कुचलने की क्षमता है, जबकि गृह मंत्री मोहसिन नकवी ने हमलों को करारा जवाब बताया। संयुक्त राष्ट्र के महासचिव एंटोनियो गुटेरेस ने दोनों पक्षों से अंतरराष्ट्रीय कानून के तहत नागरिकों की रक्षा करने और कूटनीति के माध्यम से मतभेदों को सुलझाने का आग्रह किया।
