छत्तीसगढ़ में ठंड के बीच फिर बदलेगा मौसम, 27 से 30 अक्टूबर तक भारी बारिश के आसार

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रायपुर। छत्तीसगढ़ में ठंड का असर बढ़ने के साथ मौसम में एक बार फिर बदलाव होने की संभावना है। बंगाल की खाड़ी में बन रहे चक्रवाती तूफान के प्रभाव से प्रदेश के कई हिस्सों में बारिश का नया दौर शुरू हो सकता है। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक, 27 अक्टूबर से बारिश की गतिविधियां बढ़ने और 28 से 30 अक्टूबर के बीच कुछ क्षेत्रों में भारी से बहुत भारी बारिश होने की आशंका है। इससे सितंबर के अंतिम सप्ताह में हुई लगातार बारिश जैसी स्थिति बनने की चिंता बढ़ गई है। उस दौरान तेज बारिश के चलते कई जगह नदी-नालों का जलस्तर बढ़ गया था और बाढ़ जैसे हालात पैदा हुए थे।

राजधानी रायपुर में 25 अक्टूबर को मौसम साफ रहने का अनुमान है। सुबह के समय हल्की ठंड महसूस की जा रही है, जबकि दिन में मौसम सामान्य रहने की संभावना है। अगले 24 घंटों के दौरान अधिकतम तापमान करीब 33 डिग्री और न्यूनतम तापमान 21 डिग्री सेल्सियस के आसपास रह सकता है। प्रदेश के अन्य हिस्सों में भी फिलहाल मौसम शुष्क बना हुआ है।

पिछले 24 घंटों के दौरान बेमेतरा में सबसे अधिक 34.6 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया, जबकि अंबिकापुर में न्यूनतम तापमान गिरकर 13 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। इस अवधि में प्रदेश के किसी भी हिस्से में उल्लेखनीय बारिश दर्ज नहीं की गई। हालांकि, बंगाल की खाड़ी में सक्रिय मौसम प्रणाली के आगे बढ़ने के साथ आने वाले दिनों में परिस्थितियां बदल सकती हैं।

मौसम विभाग के अनुमान के अनुसार, बंगाल की खाड़ी में बना कम दबाव का क्षेत्र गहरे अवदाब में बदलने के बाद चक्रवाती तूफान का रूप ले सकता है। इसके उत्तर-पश्चिम दिशा में आगे बढ़ते हुए 28 अक्टूबर के आसपास आंध्र प्रदेश के तट के नजदीक पहुंचने की संभावना है। इस प्रणाली का अधिक प्रभाव आंध्र प्रदेश और ओडिशा में पड़ सकता है, जबकि इसका असर छत्तीसगढ़ समेत मध्य और पूर्वी भारत के कुछ अन्य राज्यों में भी देखने को मिल सकता है। रायपुर सहित मध्य और दक्षिणी छत्तीसगढ़ में भारी बारिश की आशंका जताई गई है।

मौसम में संभावित बदलाव किसानों की मुश्किलें भी बढ़ा सकता है। आने वाले दिनों में कुछ स्थानों पर तेज बारिश के साथ गरज-चमक, बिजली गिरने और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चलने की संभावना है। ऐसे में किसानों को कटाई, फसल के भंडारण और खेतों में चल रहे कामों को लेकर सतर्क रहने की जरूरत है। मौसम विभाग के ताजा पूर्वानुमान पर नजर बनाए रखना जरूरी होगा।